संतकबीरनगर। कानपुर में चिकित्सकों के साथ हुई घटना के विरोध में सोमवार को प्रांतीय चिकित्सा सेवा संघ की बैठक जिला अस्पताल के टीबी वार्ड में सीएमओ डॉक्टर बद्री विशाल की अध्यक्षता में हुई। बैठक में घटना पर निंदा करते हुए दोषियोें पर कार्रवाई की मांग की गई। इसके अलावा चार मार्च से चिकित्सकों ने काली पट्टी बाध कर काम करने का निर्णय लिया। प्रांतीय चिकित्सा सेवा संघ के सचिव डॉक्टर अनिल सिंह ने बताया कि कानुपर मेडिकल कालेज में हुई घटना के खिलाफ एक मत से निंदा करते हुए घटना में जो भी दोषी है उनके खिलाफ मेडिकल प्रोटेक्शन एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई। चिकित्सकों ने कहा, हिरासत में लिए गए चिकित्सकों को तत्काल रिहा किया करें। उन्होंने बताया कि बैठक में सभी ने सर्व सम्मति से निर्णय लिया है कि चार और पांच मार्च को विरोध प्रकट किया जाएगा। सरकार नहीं मानी तो छह से आठ तारीख तक ओपीडी का बहिष्कार किया जाएगा। इसके बाद नौ मार्च से इमरजेंसी और पोस्टमार्टम को छोड़कर सभी सेवाए ठप कर दी जाएगी। जनहित को देखते हुए सभी चिकित्सक हाथ पर काली पट्टी बांध कर काम करेंगे। उन्होंने कहा कि केंद्रीय कार्यकारिणी द्वारा लिए गए किसी भी निर्णय में पूर्ण सहयोग प्रदान किया जाएगा। इस दौरान बैठक में घटना के दौरान घायल चिकित्सकों के जल्द स्वस्थ्य होने की कामना की गई। इस अवसर पर डॉक्टर रतन लाल, डॉक्टर धर्मेंद्र, डॉक्टर शिवओंभू, डॉक्टर संतोष त्रिपाठी, डॉक्टर केपी सिंह, डॉक्टर राम प्रवेश, डॉक्टर सोहन शर्मा, डॉक्टर संदीप, डॉक्टर शिवानंद, डॉक्टर आर पी राय सहित अन्य चिकित्सक मौजूद रहे।