संतकबीरनगर। करवा चौथ पर जनपद के शहरी और ग्रामीण क्षेत्र की सुहागिन महिलाओं ने दिन भर निर्जल व्रत रहकर सायंकाल के समय शिव, गौरी, गणेश, कार्तिकेय का पूजन किया। उसके बाद मंदिरों में जाकर भगवान का दर्शन करने के बाद रात में चंद्रोदय के बाद चंद्रमा को अर्घ्य देकर पति के दीर्घायु, संतान के जीवन में सुख, शांति और परिवार के कल्याण की प्रार्थना की।
खलीलाबाद पब्लिक स्कूल परिसर में सायंकाल एकत्र हुई अरुणा खन्ना, अनुराधा खन्ना, पल्लवी, रानी कौर, शालिनी रूंगटा आदि महिलाआें ने बताया कि परंपरा के अनुसार मंगलवार को दिन भर निर्जल व्रत करने के बाद आसपास के लोग सौभाग्य सूचक वस्त्र एवं आभूषण धारण कर एक जगह एकत्र होते हैं। देवी देवताओं के पूजन के बाद व्रत की महिमा की कथा सुनते हैं। उसके बाद सायंकाल चंद्रमा के निकलने अक्षत, लाल चंदन से अर्घ्य देंगी। उसके बाद करवे में चावल, उड़द चूड़ी, कंघी, सिंदूर आदि भरकर सास के चरण छूकर दान करेंगी। फिर पति के मुख का दर्शन कर जल ग्रहण करेंगी।