संतकबीरनगर। दीवानी न्यायालय परिसर में शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। लोक अदालत का उद्घाटन जिला जज रामानंद ने मां सरस्वती की चित्र पर दीप प्रज्वलित कर किया।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव शैलेंद्र कुमार यादव ने बताया कि लोक अदालत में जिले से कुल 8237 वाद लगे थे। उनमें 3619 वादों का निस्तारित हुआ व कुल 2,94,94,686 रुपये का सेटलमेंट हुआ। बताया कि दीवानी न्यायालय में कुल 1532 मामले लगे थे।
इनमें 469 मामले निपटाए गए और 88,010 रुपये जुर्माना वसूला गया। मोटर दुर्घटना क्लेम में 1875000 का प्रतिकर क्लेम दिया गया तथा 2275566 रुपये का उत्तराधिकार प्रमाण पत्र जारी किया गया। बैंक के 3472 में 329 निस्तारित हुए और 1,98,38,934 रुपये बैंक का सेंटलमेंट किया गया।
उन्होंने बताया कि जिला जज रामानंद की अदालत में कुल 29 केस में से नौ निस्तारित हुए। इनमें मोटर दुर्घटना क्लेम का 18 में से पांच वाद निस्तारित हुए व प्रतिकर के रूप में 18,75000 रुपये अवॉर्ड हुआ। परिवार न्यायालय में कुल 30 मामले में से 10 वैवाहिक मामले निस्तारित हुए।
एफटीसी द्वितीय कोर्ट में 35 में 13 केस निस्तारित हुुए। 15000 रुपये जुर्माना वसूला गया। सीजेएम कोर्ट में 676 वादों में 204 निस्तारित हुए। 65400 रुपये जुर्माना वसूला गया। एसडीएम के यहां 248 में से 85 मामले निस्तारित हुए और 7410 जुर्माना वसूला गया। 2,2,5,566 का उत्तराधिकार प्रमाण पत्र जारी किया गया।
इस दौरान प्रमुख रूप से एफटीसी द्वितीय संदीप जैन, एफ़टीसी प्रथम राकेश पांडेय, प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय विनोद कुमार बरनवाल, सिविल जज सीनियर डिवीजन संजय कुमार गोंड, सीजेएम दीपकांत मणि, एफ़टीसी सिविल सत्य प्रकाश आर्य, जेएम अभिषेक त्रिपाठी, दीपक सिंह, डीजीसी सुभद्र नाथ राय, एडीजीसी विशाल श्रीवास्तव, लोक अदालत लिपिक नागेंद्र यादव, बृजेश यादव, जेपी यादव, नाजिर बृजेश सिंह, संतोष यादव, दीपक, शैलेंद्र, सौरभ गुप्ता, राम किशोर, देवकीनंदन पटेल, निरंकार दूबे आदि मौजूद रहे।