- बीएसए की टीम ने 25 जून से 20 जुलाई तक विद्यालयों का किया था निरीक्षण
- सात दिन में स्पष्टीकरण तलब
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। परिषदीय स्कूलों में शिक्षक जहां ऑनलाइन हाजिरी का विरोध कर रहे थे, वहीं बीएसए की टीम की जांच में 70 शिक्षक विद्यालयों से गैरहाजिर रहे हैं। बीएसए ने इन सभी शिक्षकों का वेतन रोक दिया है और सात दिन में स्पष्टीकरण तलब किया है।
बीएसए अमित कुमार सिंह ने बताया कि 25 जून से 20 जुलाई तक बीईओ, डीसी के जरिए विद्यालयों की जांच कराई गई। इसमें प्रेरणा पोर्टल पर भी उपस्थिति दर्ज हुई। जिसमें कुल 70 शिक्षक अनुपस्थित रहे हैं। जिसमें हैंसर के सहायक अध्यापक निर्मल स्वरूप, पौली के कौशलेंद्र सिंह, बघौली के विनोदीनी देवी, पवन कुमार, सुधा शर्मा, नाथनगर के भृगुनाथ पांडेय, सेमरियावां के मंजू सिंह, खलीलाबाद के सीनू पांडेय, बेलहर के चंद्रकला, सांथा की रश्मि, गोपाल बहादुर सिंह गैरहाजिर मिलीं।
वहीं हैंसर के कृष्णचंद राय, पौली के रेखा गुप्ता, कुसुम मेंहदावल की कल्पना चौधरी, शैलेश कुमार, सेमरियावां के राजेश सिंह, नाथनगर के अंजनी मणि, बघौली की प्रेमलता, सांथा की वंदना, हैंसर की प्रतीमा, नाथ्ज्ञनगर की प्रेम भारती, बघौली की सरोज सिंह, हैंसर के फिरोज अहमद, सेमरियावां की दुर्गेश रानी, हैंसर के प्रदीप कुमार, नाथनगर के कुसुम देवी, बघौली की आरती भी अनुपस्थित शिक्षकों की सूची में शामिल हैं।
इसके अलावा भृगुनंदन दुबे, वंदना सिंह, पौली के रविंद्र, सेमययावां की सुनीता चौधरी, शिखा गौतम, अजारा खातून, हसीबुन्निशा, अमरनाथ, मेंहदावल के रामकरन, बेलहर के महेंद्र कुमार, बघौली के सुनील कुमार दुबे, बघौली के नीरजा त्रिपाठी, खलीलाबाद की रूक्मिणी भारती, बघौली की शशिकला, हैंसर के शैलेंद्र कुमार, राधा पांडेय, बेलहर के नरेंद्र यादव, बघौली की शशिलता, मेंहदावल के सतीश चंद, बघौली की प्रतिभा त्रिपाठी, खलीलाबाद की सगुफ्तार खातून, हैंसर की बबिता चौधरी, मेंहदावल के धीरेंद्र कुमार पांडेय, नाथनगर अनुसुईया देवी, खलीलाबाद की संजू, रेनू पांडेय, मीरा देवी, बघौली के राकेश कुमार राय गैरहाजिर रहे।
अनुपस्थित शिक्षकों में खलीलाबाद की रंजन कुमारी, बेलहर की पूनम कुमारी, बघौली के परमात्मा प्रसाद, नाथनगर के प्रिया अग्रहरि, अमित कुमार पांडेय, खलीलाबाद के मनीषा चौरसिया, बेलहर के आनंद कुमार गुप्ता और अतीश कुमार तथा हैंसर बाजार के अखिलेश सोनी अनुपस्थित रहे हैं। इन सभी का अनुपस्थित दिन का वेतन रोक दिया गया है। सात दिन में स्पष्टीकरण तलब किया गया है। संतोषजनक जवाब न मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।