प्राथमिक विद्यालय डड़वामाली में 123 बच्चों का नामांकन है। करीब एक साल से शिक्षामित्र रफीकुल्लाह अकेले स्कूल चला रहे थे। 18 अगस्त को बीएसए के आदेश पर शिक्षामित्र रफीकुल्लाह ने मूल विद्यालय सांथा ब्लॉक के कोइलभार में ज्वाइन कर लिया। स्कूल का चार्ज जूनियर हाई स्कूल करमाखान के सहायक अध्यापक को दिया गया, पर वह स्कूल नहीं आए।
तभी से स्कूल बंद है। विद्यालय पर प्रदर्शन कर रहे लोगों की अगुवाई कर रहे प्रधान प्रतिनिधि फूलचंद ने बताया कि खंड शिक्षाधिकारी से कई बार कहा गया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। संतोष प्रजापति ने बताया कि एक शिक्षामित्र 123 बच्चों को अकेले संभाल रहे थे। खंड शिक्षाधिकारी से और शिक्षक बढ़ाने के लिए भी कहा गया था। दस दिन स्कूल बंद है। बच्चे कहां जाएं?
इस दौरान राम दयाल, चंद्रशेखर, सुरजू, राम शब्द, राम प्रकाश, मोबीन, धर्मराज, महावीर आदि मौजूद रहे। बीईओ विंदेश्वरी प्रसाद मिश्र ने बताया कि स्कूल बंद होने की जानकारी है। एक शिक्षक को अटैच को किया गया है। अटैच शिक्षक स्कूल नहीं जा रहे हैं। बीएसए को मामले से अवगत करा दिया जाएगा। इस संबंध में बीएसए सत्येंद्र कुमार सिंह ने बताया कि मामले की जानकारी है। गंभीर मामला है। बीईओ से जवाब तलब किया जाएगा।
डीएम भूपेंद्र एस चौधरी ने बताया कि स्कूल बंद होना गंभीर बात है। इस मामले में बीएसए को तलब कर जवाब मांगा जाएगा। विद्यालय पर हर हाल में शिक्षक की तैनाती की जाएगी। इसमे जिसकी भी लापरवाही सामने आएगी कार्रवाई की जाएगी।