सेमरियावां के बिगरामीर बूथ पर मतदान के लिए खड़ी मुस्लिम महिलाएं ।
- फोटो : अंबरीष्ा प्रसाद मिश्र
लोकतंत्र के उत्सव में महात्मा कबीर धरती के लोगों में सोमवार को उत्साह तो दिखा बावजूद इसके जिला प्रथम श्रेणी के अंक को छू नहीं कर सका। मामूली झड़प, विरोध और मतदाता सूची में तमाम खामियों के चलते 2012 के विधानसभा चुनाव के मत प्रतिशत 54.18 से भी पिछड़ गया।
जिले में सोमवार को हुए मतदान में कुल 52.8 फीसदी लोगों ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। मतदान समाप्ति के बाद देर शाम ईवीएम को कड़ी सुरक्षा के बीच एचआरपीजी कॉलेज परिसर में बने स्ट्रांग रूम में सील कर दिया गया। 42 उम्मीदवारों की तकदीर पर चढ़ा यह ताला अब 11 मार्च को मतगणना के साथ खुलेगा।
वहीं कई बूथों पर सूची में नाम न होने के कारण मतदाता वोट दिए बगैर ही वापस लौट गए। सुबह सात बजे से मेंहदावल, खलीलाबाद और धनघटा विधानसभा क्षेत्रों में मतदान शुरू हुआ और शाम पांच बजे तक मतदान प्रक्रिया चलती रही। इस समय तक जो भी वोटर कतार में खड़ा हो गया था, उसका वोट डलवाया गया। डीएम रमाकांत पांडेय ने बताया कि 52. 8 प्रतिशत मतदान हुआ है।
जिसमें खलीलाबाद में 52.05, मेंहदावल में 50.50 और धनघटा में 55 .8 प्रतिशत मतदान हुआ। इस दौरान सुरक्षा के मद्देनजर पैरामिलिट्री फोर्स के जवान जहां बूथों पर मुस्तैद रहे। वहीं डीएम- एसपी, एडीएम-एसपी, जोनल और सेक्टर मजिस्ट्रेटों के साथ अन्य गठित टीमें घूमती नजर आईं।