धनघटा तहसील पर प्रदर्शन करते अधिवक्ता।
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हैंसर। धनघटा तहसील के अधिवक्ताओं ने शनिवार को काम-काज ठप कर तहसील परिसर में धरना दिया। अधिवक्ताओं का कहना है कि चकबंदी और निबंध कार्यालय तहसील परिसर में बने भवन में संचालित होना चाहिए।
धरने पर बैठे अधिवक्ता लालसरन सिंह, पियूष पाल, पवन कु मार, शिवप्रसाद, हरिकेश, अरविंद श्रीवास्तव, हनुमान चौधरी, महेंद्र सिंह, बाबूलाल, मिठाईलाल, विश्वंभर नाथ, ऋषिनरायन ओझा, दिलीप राय, दिलीप तिवारी आदि का कहना है कि तहसील वार एसोसिएशन की मांग पर एसडीएम ने शतप्रतिशत आश्वासन दिया था कि एक सप्ताह के अंदर तहसील कैंपस में उप निबंधन व चकबंदी कार्यालय स्थापित कर दिया जाएगा।
लेकिन आश्वासन के 16 दिन बाद भी दोनों विभाग के लोग जहां पहले काम कर रहे थे वहीं कर रहे हैं। एसडीएम के वादाखिलाफी के कारण अधिवक्ता पुन: धरना देने को बाध्य हो गए हैं। धरना तब तक जारी रहेगा जब तक चकबंदी और उप निबंधक कार्यालय तहसील परिसर में स्थापित नहीं हो जाते।