संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। शासन ने आशा और आशा संगिनी को आयुष्मान योजना से जोड़ने के लिए दो साल पहले निर्देश दिए थे, लेकिन अब तक जिले की 40 फीसदी का आयुष्मान कार्ड नहीं बन सका है। इसके कारण आशा और आशा संगिनी आयुष्मान योजना की सुविधा पाने से वंचित हो रही रही हैं।
अल्प पारिश्रमिक पाने वाली आशा और आशा संगिनी को शासन ने पांच लाख तक नि:शुल्क इलाज की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए दो साल पहले निर्देश दिए थे, लेकिन पोर्टल पर अब भी 40 फीसदी आशा और आशा संगिनी का नाम दर्ज नहीं हो सका है। हालांकि जिले में आशा और आशा संगिनी सूची अपडेट कर शासन को भेजी गई है, इसके बाद भी इन कर्मियों का आयुष्मान कार्ड नहीं बन पा रहा है।
आशा कंचन मिश्रा, संतोषी देवी, अंजनी आदि ने बताया कि आयुष्मान कार्ड न बन पाने से सुविधाओं से वंचित होना पड़ रहा है। इन लोगों ने बताया कि हम लोगों का आयुष्मान कार्ड बनने के बाद परिवार को भी जोड़ा जाना है, लेकिन अभी खुद का ही आयुष्मान कार्ड नहीं बन पाया है। इससे काफी दिक्कत हो रही है।
सीएमओ डॉ. रामानुज कन्नौजिया ने बताया कि आशा और आशा संगिनी का डाटा अपडेट कर शासन को भेजा गया है।