संतकबीरनगर। कंपनी में निवेश कर 10 प्रतिशत से अधिक मुनाफा दिलाने का झांसा देकर 3.23 लाख रुपये लेने और रकम वापस मांगने पर जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया है। बखिरा थाना क्षेत्र के लंगड़ावार गांव निवासी राघवेंद्र प्रताप सिंह की शिकायत पर न्यायालय के आदेश से मुंडेरवा थाना क्षेत्र के छपिया तिवारी गांव निवासी मुकेश कुमार और उसकी पत्नी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
राघवेंद्र प्रताप सिंह के अनुसार, चार जनवरी 2024 को तहसील धनघटा में उनकी मुलाकात मुकेश कुमार और उसकी पत्नी से हुई थी। आरोप है कि मुकेश ने खुद को अमेरिका स्थित एक इंटरनेशनल कंपनी का मालिक और संचालक बताते हुए ट्रेडिंग में निवेश करने पर 10 प्रतिशत से अधिक मुनाफा दिलाने का भरोसा दिया। उसकी पत्नी ने भी पति की बात का समर्थन करते हुए निवेश की रकम वापस मिलने का आश्वासन दिया।
आरोप है कि भरोसे में आकर राघवेंद्र ने 10 जून 2024 को तहसील धनघटा में गवाहों के सामने मुकेश को 1.75 लाख रुपये नकद दिए। इसके बाद 12 जून से 13 नवंबर 2024 के बीच 1.47 लाख रुपये ऑनलाइन उसके खाते में भेजे। इस तरह उन्होंने कुल 3.23 लाख रुपये निवेश के नाम पर दिए।
प्रार्थना पत्र के मुताबिक, मुकेश ने 12 जुलाई 2024 से 14 जनवरी 2025 के बीच ऑनलाइन माध्यम से 65,500 रुपये वापस किए। शेष रकम के हिसाब-किताब के बाद उसने चेक दिया। बाद में राघवेंद्र को कथित कंपनी के फर्जी होने की जानकारी हुई। आरोप है कि चेक बैंक में लगाने पर पता चला कि उसके भुगतान पर रोक लगवा दी गई है।
राघवेंद्र का आरोप है कि रुपये वापस मांगने पर मुकेश ने तीन अप्रैल 2025 को सुबह करीब आठ बजे उन्हें धनघटा थाना क्षेत्र के बिड़हर घाट के पास बुलाया। वहां मुकेश और उसकी पत्नी ने उनके साथ गालीगलौज की और जान से मारने की धमकी दी।
आरोप है कि दोनों ने गंभीर फर्जी मुकदमे में फंसाने और दोबारा रुपये मांगने पर गोली मरवाने की धमकी भी दी। पीड़ित के अनुसार, उन्होंने मामले की लिखित शिकायत धनघटा पुलिस और पुलिस अधीक्षक से की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद 23 जून 2025 को न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने और कानूनी कार्रवाई की मांग की। एसओ अजय कुमार सिंह ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर प्राथमिकी दर्ज कर आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।