जर्जर प्राथमिक विद्यालय पटखौली को बना दिया गया बूथ। यह भवन तीन वर्ष पूर्व ही निष्प्रयोज्य घोषित किया जा चुका है।
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संतकबीरनगर। लोकसभा चुनाव के लिए जर्जर भवनों में भी बूथ बना दिया गया। यह हाल तब है जब पिछले कुछ माह से अनवरत जिला प्रशासन तैयारियों में जुटा है। 10 मार्च को चुनावों की घोषणा होने के बाद तैयारियां और तेज हो गईं। बावजूद इसके जिले में कई बूथ ऐसे पाए गए हैं जहां भवन जर्जर होने के बाद उन्हें बूथ बना दिया गया। और तो और इन जगहों पर पर्याप्त सुविधाएं भी नहीं हैं जो आयोग के नियमानुसार बूथ पर होनी चाहिए। यह हाल तब है जब बूथों का एक बार भौतिक निरीक्षण हो चुका है। लगता है मानकों पर जांच करने वालों की निगाहें ही नहीं पड़ीं या फिर उन्होेंने देखकर भी अनदेखा कर दिया।
जिला मुख्यालय से सटे स्थित पटखौली गांव का बूथ प्राथमिक विद्यालय में है। इस परिसर में जूनियर हाईस्कूल भी है। परंतु बूथ प्राइमरी स्कूल के जिस भवन में बनाया गया है उसे बेसिक शिक्षा विभाग तीन वर्ष पहले ही निष्प्रयोज्य घोषित कर चुका है। बच्चे दूसरे कमरों में पड़ते हैं। जर्जर होने के कारण बूथ बनाए गए भवन में बिजली की भी सुविधा नहीं है। फिर भी भवन की बाहरी दीवार को पेंट कराकर बूथ पर दर्ज होने वाली जरूरी सूचनाएं भी अंकित करा दी गई हैं। आश्चर्यजनक यह है कि इसी परिसर में प्राइमरी स्कूल के दो अन्य कमरे भी हैं तो वहीं बगल में मॉडल जूनियर हाईस्कूल भी है। परंतु अच्छे कमरों को बूथ नहीं बनाया गया है।इसी तरह मेंहदावल क्षेत्र में गौरीराई गांव का बूथ वहां के साधन सहकारी समिति भवन में है। यह भवन भी जर्जर है। यहां शौचालय के ऊपर छत भी नहीं है, नल भी परिसर से दूर है लेकिन इसे भी बूथ बनाया गया है। यहां मतदान कर्मियों को ही तमाम दिक्कतों से जूझना पड़ेगा। इसी क्षेत्र के गनवरिया बूथ पर भी सुविधाओं का अकाल है। यह बूथ भी साधन सहकारी समिति के भवन में है। डीएम ने स्वयं इस बूथ का निरीक्षण कर नाराजगी जताई थी। मेंहदावल क्षेत्र के ही पवरिया गांव के सरकारी स्कूल को बूथ बनाया गया है लेकिन यहां आवागमन के लिए रास्ते की दिक्कत है।
जांच और समीक्षा भी हो चुकी है
बूथ बनाए गए स्कूलों पर संसाधनों की पड़ताल के लिए सभी सेक्टर मजिस्ट्रेट जांच कर चुके हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर समीक्षा भी हो चुकी है। प्रशासन की समीक्षा रिपोर्ट में अधिकांश बूथों पर सुविधाएं ठीक बताई गई हैं। परंतु आश्चर्यजनक रूप से अफसरों की जांच रिपोर्ट में खराब बूथों का जिक्र नहीं है।
सेक्टर मजिस्ट्रेटों ने जिन बूथों पर बिजली, पानी, शौचालय आदि की समस्या बताई थी वहां व्यवस्था सुधारने के लिए संबंधित विभाग को निर्देश दिए जा चुके हैं। मतदान दिवस से पूर्व सभी बूथ पूरी तरह से ठीक करा लिए जाएंगे। पटखौली का बूथ जर्जर भवन में बनाए जाने की जानकारी नहीं थी। इस बूथ को परिसर के दूसरे भवन में शिफ्ट कराया जाएगा।
रवीश गुप्ता, डीएम