संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। जिले में स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर परिवहन विभाग ने सख्ती बढ़ा दी है। तीन दिन में एआरटीओ की ओर से मेंहदावल, धनघटा और खलीलाबाद क्षेत्र में चलाए गए विशेष जांच अभियान के दौरान नियमों की अनदेखी करने वाले 18 स्कूल वाहनों को सीज कर दिया गया। वहीं करीब 25 वाहनों का चालान भी किया गया।
परिवहन निगम की इस कार्रवाई से स्कूल वाहन संचालकों में हड़कंप मच गया। अभियान के दौरान टीम ने स्कूल बसों, वैन और अन्य वाहनों के दस्तावेज, फिटनेस, परमिट, बीमा, प्रदूषण प्रमाणपत्र, चालक का ड्राइविंग लाइसेंस तथा बच्चों की सुरक्षा से जुड़े मानकों की जांच की। जांच में कई वाहन निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन करते नहीं मिले। कुछ वाहन बिना आवश्यक दस्तावेज के संचालित हो रहे थे, जबकि कई वाहनों में क्षमता से अधिक बच्चों को बिठाकर ले जाया जा रहा था।
जांच के दौरान ऐसे निजी वाहनों पर भी कार्रवाई की गई जो बिना वैध अनुमति के स्कूल वाहन के रूप में बच्चों का परिवहन कर रहे थे। ऐसे वाहनों को नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर सीज करने के साथ चालान की कार्रवाई भी की गई।
परिवहन निगम के अधिकारियों ने बताया कि बच्चों की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। सभी स्कूल संचालकों और वाहन मालिकों को निर्देश दिए गए कि वे केवल मानक के अनुरूप एवं वैध दस्तावेजों वाले वाहनों का ही संचालन करें। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आगे भी अभियान चलाकर कार्रवाई की जाएगी।
अभियान के चलते स्कूल वाहन चालकों और संचालकों में पूरे दिन अफरातफरी का माहौल रहा। कई वाहन चालक जांच से बचने के लिए वैकल्पिक रास्तों का सहारा लेते नजर आए, जबकि कई ने मौके पर ही अपने दस्तावेज दुरुस्त कराने की कोशिश की। एआरटीओ प्रियंवदा सिंह ने बताया कि स्कूली बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और अभियान आगे भी जारी रहेगा।