संभल। गांव शरीफपुर के ग्रामीणों ने बताया कि राजपाल ने बेटी अंशु को काफी समझाया कि युवक से बात न करें। लेकिन वह नहीं मानी। परिजनों ने उसे कई बार पीटने के साथ ही पढ़ाई भी बंद करा दी। लेकिन अंशु ने युवक से बात करना बंद नहीं किया। मना करने के बावजूद मंगलवार की दोपहर अंशु को फोन पर युवक से बात करते देखा तो पिता आपा खो बैठा और बेटी की हत्या कर दी।
मंगलवार को जब अंशू मोबाइल पर युवक से बात कर रही थी तो उसने अपने चेहरे को दुपट्टे से कवर कर लिया था। जिससे परिवार को यह जानकारी न हो सके कि वह मोबाइल पर बात कर रही है। इसकी भनक राजपाल को लगी तो उसने सीधे रॉड से ही हमला कर दिया। सिर पर वह लगातार वार करता रहा। अंशु की मां ने बताया कि एक चीख तो बेटी की सुनाई दी थी। चीख सुनकर लगा कि उसके पिता ने पिटाई कर दी है। लेकिन जब छत से नीचे आई तो अंशू के चेहरा खून से लथपथ था और जान जा चुकी थी। शोर मचाने पर आसपास के लोग आए तो गांव के चिकित्सक को बुलाया गया। चिकित्सक ने मृत होने की पुष्टि की।