ओबरी (संभल)। असमोली क्षेत्र के गांवों में बुखार का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। रविवार को राजा गालिबपुर गांव में बुखार से महिला और मासूम समेत दो लोगों की मौत हो गई। मुबारकपुरबंद गांव में एक महिला ने उपचार के दौरान अस्पताल में दम तोड़ा। दोनों गांवों में तमाम लोग बुखार की चपेट में हैं। बुखार से लगातार हो रही मौतों से स्वास्थ्य विभाग नहीं चेत रहा है। राजा गालिबपुर गांव में रविवार को बुखार पीड़ित भूरी (40) पत्नी मुशर्फ ने मुरादाबाद के निजी अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। इसी गांव के मासूम पिंटू पुत्र आर्यन की भी बुखार से मौत हुई है।
एक दिन हुईं दो मौतों से गांव में सन्नाटा पसरा है। गांव में सात दिन में बुखार से चार लोग दम तोड़ चुके हैं। इसी गांव में 21 अक्तूबर को लियाकत हुसैन (65), भूरे (48) की बीमारी के चलते जान जा चुकी है। जबकि आदिल, तैयब, हाजी शौकत, बिलकीस, अमन रानी, रुखसार, अकदस, सना, रुबीना, हाजी हनीफ, मोहम्मद माजिद, महफूज, मोहम्मद कासिम, जमील अहमद, मोहम्मद कैफ, जुम्मा खां, अदीबा, कमरुद्दीन, मंतशा, असलम, अकरम, जुनैद, आरिफ, हंजला, कादिर, मो. सईद, नासिर तथा पूर्व जिला पंचायत सदस्य फात्मा रऊफ बुखार से पीड़ित हैं।
मुबारकपुरबंद गांव निवासी शराफत हुसैन की पत्नी अरमाना खातून (35) को शुक्रवार को तेज बुखार आया। परिजनों ने इलाज के लिए मुरादाबाद के निजी चिकित्सालय में भर्ती कराया। हालत गंभीर होने पर डॉक्टरों ने शुक्रवार की देर शाम महिला को दिल्ली रेफर कर दिया। महिला ने देर रात दिल्ली के अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। यहां भी दस दिन में बुखार से दो मौते हो चुकी हैं। जबकि कई लोग बीमारी की चपेट में हैं। इसमें दानिश की हालत गंभीर बनी हुई है।