असमोली (संभल)। विजयदशमी के उपलक्ष्य में बृहस्पतिवार को असमोली में आरएसएस के स्वयंसेवकों ने पथ संचलन किया। स्वयंसेवक हाथों में दंड लेकर भारत माता के जयकारे लगाते चल रहे थे। जगह-जगह लोगों ने पुष्प वर्षा कर स्वयंसेवकों का उत्साहवर्धन किया।
आरएसएस के स्वयंसेवक बृहस्पतिवार शाम चार बजे असमोली स्थित सरस्वती शिशु मंदिर परिसर में एकत्र हुए, जहां ध्वजारोहण और ध्वज प्रणाम हुआ। इसके बाद अमृत वचन, गीत और बौद्धिक सत्र के बाद पथ संचलन शुरू हुआ। जयघोष पर स्वयंसेवक हाथों में लाठियां लेकर कदमताल करते हुए पथ संचलन में निकले। मुख्य वक्ता विभाग कार्यवाह छत्रपाल जी ने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना विजयदशमी के दिन हुई थी। संघ को जानने के लिए शाखा में आना पड़ता है, तभी संघ को सही तरीके से जाना जा सकता है। प्रारंभ में संघ पर प्रतिबंध लगे, लेकिन आज समाज ने संघ को स्वीकार किया है। शताब्दी वर्ष में पंच परिवर्तन के माध्यम से समाज में परिवर्तन लाना है। उन्होंने स्वयंसेवकों से आग्रह किया कि जो लोग हमारे धर्म के बारे में नहीं जानते, उन्हें धर्म के बारे में जानकारी दी जानी चाहिए। इस दौरान असमोली खंड कार्यवाह अंकुर कुमार, खंड संचालक सुभाषचंद्र शर्मा, जिला सेवा प्रमुख गौरव त्यागी, हरवेंद्र चौधरी, रूपक, सोनू पाल, आकाश शर्मा, नितिन, जसवीर आदि रहे।