कोतवाली क्षेत्र के गांव सैंजनी में घास लेने गई किशोरी को कुछ लोगों ने अगवा कर लिया और खेतों के रास्ते ले गए। साथ में गई किशोरियों ने विरोध किया, तो उन्हें डरा धमकाकर भगा दिया। परिजनों व ग्रामीणों ने तलाश किया, पर किशोरी का कोई पता नहीं चला है। किशोरी का पिता व ग्रामीण पुलिस के चक्कर लगा रहे हैं। पुलिस सीमा विवाद में उलझी है।
चंदौसी कोतवाली क्षेत्र के गांव सैंजनी निवासी होशियार सिंह की बेटी प्रियंका (17) परिवार व पड़ोस की लड़कियों के साथ रविवार की शाम खेत से घास काटने गई थी। घटनास्थल गंगाधरपुर गैरआबाद क्षेत्र का है। शाम करीब पांच बजे खेतों के पास घूम रहे चार लोगों ने किशोरी को पकड़ लिया और उठाकर ले जाने लगे। साथ में घास काट कर रही किशोरियों ने विरोध किया, तो उन्हें डरा धमका कर भगा दिया। उन्होंने घर आकर बात बताई।
ग्रामीण व परिजन किशोरी को रात पर भर खेतों में ढूंढते रहे, पर कोई पता नहीं चला। सूचना पर यूपी-112 पुलिस और बनियाठेर थाना पुलिस भी पहुंची। बाद में किशोरी के पिता होशियार सिंह व अन्य ग्रामीण तहरीर लेकर थाना बनियाठेर पहुंचे। उन्होंने घटनास्थल कोतवाली चंदौसी का बताते हुए टरका दिया।
इसके बाद परिजन चंदौसी सीओ से मिले। सीओ ने कार्रवाई का आश्वासन देकर वापस भेज दिया है। पर अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। परिजनों अब तहरीर लेकर चंदौसी कोतवाली पहुंचे हैं। परिजन व ग्रामीण एकत्र होकर चंदौसी कोतवाली पहुंचे हैं। घटना रविवार की शाम पांच बजे की है और अभी तक पुलिस परिजनों को टकराने में लगी है। कोई सुनवाई नहीं हो रही है।
मामला मेरे संज्ञान में आ गया है। मैं बाहर हूं, पीड़ितों को चंदौसी कोतवाली भेजा गया है। उनका मुकदमा दर्ज कराया जा है। जल्द से जल्द किशोरी को बरामद करने का प्रयास किया जाएगा।
- दिनेश कुमार, सीओ चंदौसी।