भाजपा जिलाध्यक्ष द्वारा बबराला में रविवार को दिए गए बयान से सपाई भड़के हैं। उनमें इस बयान से रोष फैल गया है। सपा जिलाध्यक्ष फिरोज खां ने भाजपा जिलाध्यक्ष के बयान को संविधान के खिलाफ बताते हुए इस पर कार्रवाई करने की मांग की है।
खां ने कहा कि भाजपा के पदों पर रहने वाले लोग कहते हैं कि मंदिर चाहे डंडे से बनवाना पड़े या फिर गोली से, लेकिन मंदिर जरूर बनेगा। ये संविधान के खिलाफ है, जबकि प्रदेश और केंद्र सरकार ‘सबका साथ सबका विकास’ का नारा दे रही है। उन्होंने कहा कि हम हिंदू-मुस्लिम एकता को पसंद करते हैं, लेकिन ये लोग अलगाववाद को बढ़ावा दे रहे हैं। ऐसे लोगों पर कार्रवाई होनी चाहिए, जिससे समाज में वैमनस्यता न बढ़े।
दूसरी तरफ सपा कार्यकर्ताओं की बैठक मोहल्ला हिलाली सराय में हुई। इसमें जिला सचिव सईद अख्तर इसराईली ने कहा कि भाजपा जिलाध्यक्ष राजेश सिंघल द्वारा बबराला में दिए गए विवादित बयान को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यह नेता किसी भी धर्म के हमदर्द नहीं है। यह धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाकर अपनी राजनीति चमकाने का काम कर रहे हैं।
भाजपा के नेताओं को दूसरों के घर जलता देख हाथ तापने की आदत पड़ गई है। उन्होंने कहा कि देश को आजाद कराने में हिंदू-मुस्लिम दोनों मिलकर प्रयास किया था। बैठक में रमीज राजा, मोहम्मद नदीम, विट्टू वारसी, फरान रागिब, नवील अहमद, मसूद अली फारुखी, फहीम अली फारुखी, सुहेल चमन, मोहम्मद आलम, मोहम्मद जुवेर, जहीन अख्तर, अजीम सैफी, शकील तुर्की, जाहिद हुसैन, जमील अहमद, नाजिम सैफी, डा. रहमान, इस्लाम मंसूरी आदि मौजूद रहे।