महिला ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग की तो पुलिस ने सुनवाई नहीं की थी। इसके बाद महिला ने पुलिस अधीक्षक को शिकायती पत्र दिया था। पांच सितंबर को ग्राम प्रधान विजेंद्र, काले और एक अज्ञात के खिलाफ सामूहिक दुष्कर्म की रिपोर्ट दर्ज हुई थी। महिला ने बताया था कि वह दस अगस्त को जंगल में खेत पर अकेले काम कर रही थी। इसी दौरान ग्राम प्रधान अपने दो साथियों के साथ आया और उसने निजी नलकूप में बंधक बनाकर सामूहिक दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया था। कैलादेवी थाना पुलिस ने घटना का संज्ञान नहीं लिया था। थाना प्रभारी ने बताया कि ग्राम प्रधान को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया। जहां से जेल भेज दिया गया है। अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है।