संभल। परिवार से दो लाख रुपये पाने के लिए युवक ने अपने अपहरण का ड्रामा रच दिया। आवाज बदलकर खुद ही अपने भाई से फिरौती की मांग की। परिजनों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। पुलिस की टीमें जांच में जुट गईं। सर्विलांस टीम की मदद से कॉल ट्रेस कर पुलिस युवक तक अमरोहा पहुंच गई। पूछताछ में युवक ने पुलिस को बताया कि उसने खुद ही अपने अपहरण का ड्रामा रचा था।
असमोली थाना क्षेत्र के गांव शाहपुर डसर निवासी मेहराज (20) पुत्र नवाब हसन बाइक मैकेनिक है। बृहस्पतिवार की सुबह मुरादाबाद से अपनी दुकान का सामान लेने के लिए बाइक से गया था। देर रात तक नहीं लौटा तो परिजनों को चिंता हुई। इसी दौरान परिजनों को जानकारी मिली कि वह गांव के एक युवक के साथ जाता हुआ दिखा था। परिजन उस युवक के घर पहुंचे तो उसने साथ जाने की बात तो स्वीकार की, लेकिन मुरादाबाद पहुंचकर अलग होने की जानकारी दी। इसके बाद परिजनों की चिंता और बढ़ गई।
शुक्रवार की सुबह साढ़े आठ बजे करीब मेहराज के नंबर से उसके बड़े भाई शहराज के फोन पर कॉल आई। कॉल करने वाले ने मेहराज के अपहरण होने की जानकारी दी और उससे बात भी कराई। इसके बाद एक दूसरी आवाज सुनाई दी, जिसने कहा कि दो लाख रुपये लेकर पाकबड़ा के पेट्रोल पंप पर आ जाओ। नहीं तो इसको मार देंगे। जानकारी के बाद असमोली थाना पुलिस के साथ ही स्वाट व सर्विलांस टीम सक्रिय हो गईं।
सुबह दस बजे से सक्रिय हुई पुलिस टीम ने करीब आठ घंटे की मेहनत के बाद युवक को अमरोहा से बरामद कर लिया। युवक ने पुलिस टीम की शुरूआती पूछताछ में स्वीकार किया कि उसने ही अपहरण की झूठी कहानी रची थी। वह फिरौती के नाम पर अपने परिवार से दो लाख रुपये लेना चाहता था। एसपी का कहना है कि पुलिस ड्रामा करने और पुलिस को गुमराह करने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज करेगी।
बताए गए पते पर पैसे लेने भी नहीं आया
संभल। युवक के अपहरण की सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस को शुरूआत में लगा कि युवक को सही में अपहरण हो गया है। पुलिस अपहरण मानकर ही काम करने लगी। जब युवक ने अपहर्ता बनकर कॉल की तो पुलिस ने परिजनों को बैग में रुपये रखकर बताए हुए पते पर पाकबड़ा भेज दिया। पुलिस की टीम अलग होकर पीछा करती रही। इसके बाद भी कोई रुपये लेने नहीं आया। दूसरी कॉल कर बताया कि बागड़पुर के नजदीक रुपये लेकर आओ। परिजन पुलिस के इशारे पर वहां भी पहुंच गए लेकिन वहां भी कोई रुपये लेने के लिए नहीं आया। इस दौरान सर्विलांस टीम भी सुरागकशी कर रही थी। बाद में फोन आना भी बंद हो गया। पुलिस टीम को शाम को पांच बजे करीब अमरोहा में लोकेशन मिली। टीम ने मोबाइल के साथ ही युवक को बरामद कर लिया और असमोली ले आई।
युवक ने अपहरण की झूठी सूचना परिजनों को दी थी। युवक को अमरोहा से बरामद कर लिया गया है। उससे पूछताछ की जा रही है। झूठी सूचना देने के आरोप में उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की जाएगी।
चक्रेश मिश्र, पुलिस अधीक्षक, संभल