संभल के ऐंजरा गांव में मौके पर जमा भीड़ व पुलिसकर्मी।
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इसके बाद मायके वाले मौके पर पहुंचकर विवाहिता को उपचार के लिए दिल्ली लेकर जा रहे थे लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई थी। विवाहिता को जलाकर मारने का आरोप लगाते हुए पुलिस को सूचना दे दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को चिता से उठाया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। अभी तक घटना की तहरीर पुलिस को नहीं दी गई है।
कोतवाली क्षेत्र के गांव एजेंरा निवासी एक सैन्यकर्मी की 14 वर्ष पहले हजरतनगर गढ़ी गांव की निर्मला के साथ शादी हुई। निर्मला के तीन बच्चे हैं। बताया जाता है कि कुछ दिनों पहले पति पत्नी में किसी बात को लेकर विवाद हुआ था।
जब निर्मला मायके जाती थी तो पति निर्मला को मायके से बुुलाने भी नहीं जाता था और फोन कर वहीं पर रहने की बात कहता था। रविवार को शाम 4 बजे निर्मला रसोई में थी। उसी समय संदिग्ध परिस्थितियों में निर्मला के कपड़ों में आग लग गई। आग लगने के बाद निर्मला बचाओ-बचाओ की आवाज लगाते हुए घर से बाहर की तरफ दौड़ पड़ी। यह देख परिजनों और गांव के लोगों ने किसी तरह आग बुझाई।
सैन्यकर्मी के भाई ने फोन से घटना की जानकारी मायके वालों को दे दी। जानकारी मिलते ही मायके वाले मौके पर पहुंचे। निर्मला को गंभीर हालत में उपचार के लिए संभल लेकर आए। लेकिन यहां डाक्टर ने देखते ही मुरादाबाद रेफर कर दिया। मुरादाबाद में डाक्टर ने दिल्ली ले जाने की सलाह दी। मायके वाले निर्मला को दिल्ली लेकर जा रहे थे लेकिन रास्ते में उसने दम तोड़ दिया। मायके वाले निर्मला के शव को गांव एजेंरा लेकर आ गए। जहां सोमवार को सुबह ससुरालियों ने शव का अंतिम संस्कार करने की तैयारी कर दी। लेकिन मायके वालों ने ससुरालियों पर निर्मला की हत्या करने का आरोप लगाते हुए हंगामा कर दिया और पुलिस को सूचना दे दी।
पुलिस ने शव को चिता से उठाकर पीएम के लिए भेज दिया। कोतवाल बृजमोहन गिरी ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। तहरीर मिलने के बाद रिपोर्ट दर्ज कर ली जाएगी।