संभल के जिला अस्पताल में भर्ती असद से घटना की जानकारी करते प्रभारी निरक्षक डी के शर्मा।
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अस्पतालकर्मियों का क्रूर चेहरा फिर सामने आया है। गोली लगने से घायल हुए युवक का इलाज नहीं शुरू किया, जबकि उसे पुलिसकर्मियों ने ही भर्ती कराया था। बस वे मौके से सीधे अस्पताल लेकर चले आए थे।
जब घंटे भर बाद सीओ पहुंचे तो उन्होंने कर्मचारियों को फटकारा और अस्पतालकर्मियों से उपचार किया। इधर, युवक ने ममिया ससुर और उनके साथियों पर गोली मारने का आरोप लगाया है।
अमरोहा जिले के हसनपुर थाना क्षेत्र के गांव सिहावली निवासी युवक असद खान नर्सरी चलाते हैं। उनकी चौधरीसराय में ससुराल है। वह रविवार को सुबह 11 बजे ससुराल आया था। पत्नी को अपने साथ ले जाना चाहता था। लेकिन पत्नी से अनबन होने की वजह से ससुरालियों ने दरवाजा ही नहीं खोला। असद अपनी बहन के घर सरायतरीन चला गया।
वहां से शाम को 5 बजे निकला। उसके संग उसका दोस्त सिहावली निवासी शानेआलम पुत्र मोहम्मद अजीज भी था। दोनों चौधरी सराय पर कोल्ड ड्रिंक्स पी रहे थे। असद ने बताया कि जब वह बाइक से अपने दोस्त के साथ सिहावली के चले तो रास्ते में पक्काबाग स्थित कर्बला के करीब से गुजर रहे थे तभी से पीछे से बाइक पर आ रहे ममिया ससुर की आवाज आई।
उनके साथ दो लोग और थे। तीनों ने उन्हें रोका और बातचीत के बहाने कर्बला की ओर ले गए। इसके बाद फायर कर दिया। जिसमें गोली उसकी कमर के पास लगी है। गोली मारने के बाद हमलावर भाग गए। दोस्त ने शोर मचाया। गश्त कर रही पुलिस के दो सिपाही पहुंच गए।
घायल को लेकर सीधे अस्पताल पहुंच गए। घटना 6.30 बजे की है। सीओ बीपी सिंह बालियान भी पहुंचे। तब पता लगा कि घायल के साथ थाने की चिट्ठी नहीं होने की वजह से उपचार नहीं किया जा रहा है। सीओ ने चिकित्साकर्मियों को फटकारा। उपचार शुरू कराया।