चंदौसी में क्लीनिकल स्टेबिलिशमेंट एक्ट के खिलाफ एसडीएम को ज्ञापन सौंपते आईएमए के पदाधिकारी।
आईएमए संभल शाखा की बैठक शनिवार को हुई। इसमें क्लीनिकल स्टेबलिसमेंट एक्ट का करीब दो घंटे ओपीडी बंद रखकर विरोध्ा जताया गया। इससे मरीजों को परेशानी हुई। बाद में एसडीएम को ज्ञापन सौंपा।
आंदोलन से पहले चिकित्सकों की बैठक संभल-मुरादाबाद मार्ग पर स्थित डा.अनिल श्रोत्रिय के आवास पर हुई। डॉक्टर्स ने एक्ट के विरोध में करीब दो घ्ांटे ओपीडी बंद रखीं। इससे मरीजों को दिक्कत हुई।
बैठक में डा.विनीत कुमार ने क्लीनिकल स्टेबलिसमेंट एक्ट से होने वाली दिक्कतों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इस एक्ट के लागू होने के बाद इलाज बहुत महंगा हो जाएगा। डाक्टर कहीं पर कैंप नहीं लगा पाएंगे। छोटे अस्पताल बंद हो जाएंगे, क्योंकि डाक्टरों को लगभग दो दर्जन लाइसेंस लेने होंगे। इसलिए सरकार के इस एक्ट का विरोध जरूरी है। इस बैठक के बाद सभी डाक्टर इक्ट्ठा होकर एसडीएम कार्यालय पहुंचे। मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन उप जिलाधिकारी को सौंपा।
सौंपे गए ज्ञापन में डाक्टरों ने कहा कि छोटे अस्पतालों को इस एक्ट के तहत छूट दी जाए। गांवों या छोटे शहरों में प्रैक्टिस करने वाले डाक्टरों को कुछ छूट दी जाए। ज्ञापन सौंपने वालों में डा.यूसी सक्सेना, डा.अरविंद गुप्ता, डा.अतुल महरोत्रा, डा.विनीत कुमार, डा.संजय वार्ष्णेय, डा.शरद अग्रवाल, डा.उवैस, डा.शहजाद आलम, डा.प्रशांत वार्ष्णेय, डा.उसमान अहमद, डा.एके त्यागी आदि शामिल रहे।