संभल/असमोली। असमोली थाना क्षेत्र के गांव कुतुबपुर सक्ता स्थित मेंथा पेराई की टंकी में जहरीली गैस बन गई। इससे एक मजदूर की मौत हो गई। जबकि मेंथा टंकी मालिक समेत चार लोग बेहोशी की हालत में अस्पताल में भर्ती कराए गए हैं। जहां दो की हालत गंभीर बताई जा रही है। जबकि दो लोगों की हालत में सुधार है। घटना के बाद गांव में हड़कंप मच गया। इसकी सूचना पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल की।
मौत का शिकार हुए मजदूर का शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। मंगलवार की सुबह 7.30 बजे करीब गांव कुतुबपुर सक्ता में मेंथा पेराई की टंकी में बनी जहरीली गैस से हादसा हो गया। इस हादसे में गांव निवासी महेंद्र सैनी (45) पुत्र बाबूराम की मौत हो गई। जबकि गैस की चपेट में आकर रविंद्र पुत्र उमराव, विजय पुत्र पूरन सिंह, राजीव पुत्र जयदेव और असीम पुत्र शौकीन बेहोश गए। हादसा उस समय हुआ जब मजदूर मेंथा पेराई टंकी में पड़े लोहे के जाल को निकाल रहे थे। इसी दौरान महेंद्र सैनी को टंकी के अंदर जाना पड़ा। महेंद्र सैनी टंकी के अंदर पहुुंचते ही बेहोश हो गया।
साथी मजदूर को बेहोश देख दूसरा मजदूर राजीव टंकी में उतर गया। वह भी बेहोश हो गया। दो मजदूर बेहोश होने की जानकारी जैसे ही मेंथा पेराई टंकी के मालिक विजय को हुई तो वह आनन-फानन में मजदूरों को बचाने के लिए कूद गए। नीचे पहुंचे ही टंकी मालिक भी बेसुध हो गए। इसके बाद असीम और रविंद्र ने शोर मचाया और अपने साथी मजदूरों को बचाने के लिए छलांग लगा दी। वे दोनों भी बेहोश हो गए। शोर शराबा होने पर आसपास खेतों में काम करने वाले ग्रामीण आ गए। उन्होंने चेहरे पर नकाब बांधकर बेेहोश लोगों को टंकी से निकाला। इसके बाद सभी को अस्पताल लेकर जाया गया।
जहां महेंद्र सैनी को मृत घोषित कर दिया। ग्राम प्रधान रविंद्र ने बताया कि आठ दिन पहले मेंथा पेराई टंकी का उद्घाटन किया गया था। उस समय कुछ मेंथा की फसल टंकी में डाल दिया था। मंगलवार सुबह जब टंकी चालू करने के लिए पहुंचे तो जाल निकालने का प्रयास कर रहे थे। इसी दौरान हादसा हो गया। हादसे में बेहोश हुए विजय और राजीव की हालत गंभीर बनी हुई है। उनका उपचार संभल के निजी अस्पताल में चल रहा है। जबकि असीम और रविंद्र की हालत में सुधार है। मृतक महेंद्र की पत्नी सूरजवती का रो रोकर बुरा हाल है।