चंदौसी। जिलाधिकारी के निर्देश पर पराली जलाने पर रोक लगाने के लिए 15 सितंबर से सख्त निगरानी और जागरूकता अभियान शुरू हुआ है। सेटेलाइट के माध्यम से नजर रखी जा रही है।
उप कृषि निदेशक अरुण कुमार त्रिपाठी ने बताया कि राष्ट्रीय हरित अधिकरण के निर्देशों के तहत पराली जलाने पर जुर्माना लगेगा। दो एकड़ से कम क्षेत्र में पांच हजार रुपये, दो से पांच एकड़ तक 10 हजार रुपये और पांच एकड़ से अधिक क्षेत्र में 30 हजार रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। संबंधित किसान विभागीय योजनाओं के लाभ से भी वंचित हो सकते हैं।
उन्होंने किसानों से फसल अवशेष न जलाने की अपील की। अवशेष को खेत में पलटकर जोताई करें, जिससे भूमि की उर्वरा शक्ति बढ़े। अधिक पराली होने पर उसे नजदीकी गौशाला में पहुंचाएं। कृषि विभाग के अधिकारियों को किसानों को जागरूक करने के निर्देश दिए गए हैं। संवाद