संभल। असमोली और चंदौसी बाईपास पर रोशनी का इंतजाम नहीं है। सड़क के दोनों ओर गहरी खाई है। अंधेरा होने पर बाईपास पर हादसे का खतरा बढ़ा रहता है। फिर भी जिम्मेदार अन्जान बने हुए हैं।
पीडब्ल्यूडी ने बाईपास का निर्माण कराया है। इसकी लागत करीब 67 करोड़ रुपये है। बाईपास पर बाइक, कार, ट्रक और अन्य वाहन फर्राटा भरते हैं। बात सहूलियत की करें तो बाईपास पर सड़क सुरक्षा को लेकर समुचित इंतजाम नहीं है। वहीं रोशनी की व्यवस्था भी नहीं की गई है। शाम होते ही बाईपास पर अंधेरा छा जाता है। बाईपास पर कई स्थान ऐसे हैं जहां सड़क के दोनों तरफ गहरी खाई हैं। मोड़ वाले स्थानों पर भी खाई नजर आ रही हैं। ऐसे में वाहनों के गुजरने के दौरान हादसे का खतरा बढ़ा हुआ है।
कोहरे के वक्त तो हादसे का अंदेशा ज्यादा हो जाता है। फिर भी जिम्मेदार बाईपास पर रोशनी का इंतजाम कराने के लिए गंभीर नहीं दिख रहे हैं। एक्सईएन पीडब्ल्यूडी सुनील प्रकाश का कहना है कि बाईपास पर लाइटें लगाने का काम पीडब्ल्यूडी के द्वारा नहीं होता है। विभाग का काम केवल सड़क निर्माण कराना है।