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Sambhal News: सांसद को एक और माैका, बिजली चोरी के मामले में सात तक देने होंगे साक्ष्य

Thu, 06 Feb 2025 12:50 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संभल
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संभल।
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सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क को बिजली चोरी के मामले में साक्ष्य देने के लिए एक और मौका बिजली विभाग ने दिया है। सात फरवरी को अंतिम सुनवाई होगी। इस तिथि तक सांसद ने बिजली खपत के साक्ष्य नहीं दिए तो अंतिम रिपोर्ट तैयार की जाएगी। इसके बाद जुर्माने की वसूली होगी। अधीक्षण अभियंता (विद्युत) विनोद कुमार गुप्ता ने बताया कि तीन नोटिस और दो रिमाइंडर दिए जा चुके हैं। साक्ष्य प्रस्तुत किए जाने के लिए अंतिम सुनवाई सात फरवरी को होनी है। इसके बाद जुर्माना वसूलने की कार्रवाई को आगे बढ़ाया जाएगा।19 दिसंबर को सांसद जियाउर्रहमान बर्क के दीपा सराय स्थित आवास पर बिजली चोरी बिजली विभाग ने पकड़ी थी। मौके पर 16 किलोवाट से ज्यादा भार की खपत मिली थी। जबकि सांसद जियाउर्रहमान बर्क और पूर्व सांसद डॉ. जियाउर्रहमान बर्क के नाम से दो-दो किलोवाट के दो मीटर लगे थे। जिसमें कई महीने की खपत जीरो थी। जिसके चलते बिजली चोरी की आशंका गहराई थी। जब मीटर की जांच हुई तो उसमें बिजली चोरी की पुष्टि हुई थी। बिजली विभाग द्वारा 1.91 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया है। इस जुर्माने को लेकर ही तीन बार बिजली विभाग ने नोटिस जारी किया और दो बार रिमाइंडर भेजा। इसमें खपत किए जाने के साक्ष्य दिए जाने के लिए कहा गया है।

कोट

सांसद के घर पर पकड़ी गई बिजली चोरी के मामले में अंतिम नोटिस की सुनवाई सात फरवरी को होनी है। इसके बाद अंतिम रिपोर्ट तैयार कराई जाएगी। उसके अनुसार ही जुर्माने की धनराशि की वसूली होगी।- विनोद कुमार गुप्ता, अधीक्षण अभियंता (विद्युत), संभल
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मकान के अवैध निर्माण मामले में 10 फरवरी को होगी सुनवाई

संभल। सांसद के दीपा सराय स्थित मकान के अवैध निर्माण मामले में सुनवाई 10 फरवरी को होनी है। नियत प्राधिकारी/उपजिलाधिकारी विनियमित क्षेत्र संभल की ओर से सांसद जियाउर्रहमान बर्क को बिना अनुमति निर्माण करने पर जो नोटिस जारी किया गया है। उसमें कहा गया है कि दीपा सराय में जो मकान का निर्माण कार्य चल रहा है, उसका नक्शा पास नहीं कराया गया है। यह उत्तर प्रदेश रेगुलेशन ऑफ बिल्डिंग ऑपरेशन एक्ट 1958 का उल्लंघन है। इसमें तीन नोटिस जारी हो चुके हैं। सांसद के अधिवक्ता के आग्रह पर तीन बार समय भी बढ़ाया गया है। 10 फरवरी को अंतिम तिथि तय है। इसके बाद आगे की कार्रवाई होगी।
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