संभल। जिला अस्पताल में बने प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र में 50 तरह की दवाइयां नहीं हैं। इनमें दिमाग से संबंधित दवा, विसपर, च्यवनप्राश के अलावा प्रोमेथाजीन, सेराजिल आदि दवाएं शामिल हैं। फार्मासिस्ट का कहना है कि इन दवाइयों का आर्डर किया जा चुका है। जीएसटी की दरें कम होने की वजह से पोर्टल पर नई दरें अपलोड नहीं हो पाईं। इसलिए ऑर्डर होल्ड हो गए हैं। बताया कि जीएसटी की दरें केंद्र सरकार ने दवाओं पर 12 प्रतिशत के स्थान पर अब 5 प्रतिशत लागू कर दी हैं।
वैसे तो प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र में 1900 तरह की दवाइयां होनी चाहिए लेकिन जिला अस्पताल में खुले केंद्र में 250 तरह की दवाइयों की मांग रहती है। वर्तमान में जन औषधि केंद्र में करीब 200 तरह की दवाइयां हैं। इनमें शुगर, नजला, खांसी, डायबिटीज, पेट रोग, हड्डी की बीमारी आदि से संबंधित दवाइयां पर्याप्त मात्रा में हैं।
केंद्र पर तैनात फार्मासिस्ट जौहर का कहना है कि अभी 50 तरह की दवाइयां नहीं हैं। कई दवाइयां ऐसी हैं जो मौसम को देखकर मंगाई जाती हैं। कहा कि दवाइयों का आर्डर किया हुआ है। केंद्र सरकार द्वारा जीएसटी की दरें कम किए जाने के कारण दवाइयों का आर्डर होल्ड पर है। जैसे ही पोर्टल पर जीएसटी की नई दरें अपलोड होने पर दवाइयों का आर्डर प्राप्त हो जाएगा।