लेकिन टीचर्स को इलेक्शन ड्यूटी और निर्वाचन कार्य के चलते स्कूलों में हाजिरी लगानी होगी। जिले के सभी परिषदीय विद्यालय, कस्तूरबा विद्यालय और आठवीं कक्षा तक के सभी प्राइवेट स्कूल बंद रहेंगे। नौंवी से इंटरमीडिएट तक की कक्षाएं अपने समय पर चलेंगी।
सर्दी बढ़ने पर दो जनवरी तक अवकाश घोषित किया गया था। सभी इंटरमीडिएट कॉलेज बंद कर दिए गए थे। हालांकि मौसम सामान्य होने पर तीन जनवरी से स्कूल खुल गए थे। लेकिन शुक्रवार को अचानक मौसम ने करवट ले ली। कोहरा छाने से गलन बढ़ गई। नौनिहालों को स्कूल जाने में काफी दिक्कत हुए। दोपहर के समय भी सिकुड़ते हुए घर लौटे। छोटे बच्चों को ध्यान में रखते हुए जिलाधिकारी भुपेंद्र एस. चौधरी के निर्देश पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने बताया कि सभी परिषदीय व कस्तूरबा विद्यालयों के बच्चों का 07 जनवरी से 13 जनवरी तक अवकाश रहेगा। प्राइवेट विद्यालय भी कक्षा आठ तक बंद रहेंगे। 14 जनवरी को मकर संक्रांति और 15 जनवरी को रविवार के चलते अवकाश रहेगा। जबकि सभी शिक्षक-शिक्षिकाएं इन दिनों में विद्यालय पहुंचकर विद्यालय व निर्वाचन कार्य के काम में जुटेंगे।
वहीं, बदायूं में भी सर्दी के चलते 10 जनवरी तक जिले के सभी आठवीं कक्षा तक के स्कूल बंद रहेंगे। यह जानकारी जिलाधिकारी पवन कुमार की ओर से दी गई है।
अलाव नहीं बन रहे जरुरतमंदों के लिए सहारा
चंदौसी। नगर पालिका परिषद की ओर से अलाव की व्यवस्था सवालों के घेरे में है। मुख्य चौराहों समेत रेलवे स्टेशन के सामने, रोडवेज बस स्टैंड पर अलाव की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने के कारण लोगों में आक्रोश है। अलाव के नाम पर औपचारिकताएं पूरी होती दिख रही हैं। कुछ ऐसा ही हाल रेन बसेरे का भी है। रिक्शा चालक सुरेश का कहना है कि रैन बसेरा जरुरत के समय बदहाल ही मिलता है। पर्याप्त इंतजाम नहीं होने के कारण रैन बसेरा ठंड से निजात के लिए कारगर साबित नहीं हो पा रहा है।
कोहरे ने बढ़ाई लोगों की मुश्किल
चंदौसी। कोहरे ने शुक्रवार को दिन भर कहर बरपाया। भीषण ठंड के साथ तेज सर्द हवाएं चलीं। गलन ने जनजीवन प्रभावित कर दिया। दिन निकलते ही सूर्य भगवान को कोहरे ने अपने आगोश में ले लिया। कोहरे के कहर से गलन बढ़ी तो जनजीवन अस्तव्यस्त नजर आया। दिन भर आसमान में बादल छाए रहे। रेल मार्ग और सड़क मार्ग बुरी तरह प्रभावित रहा। कोहरे के कहर के बाद सुबह से ही भीषण ठंड और गलन ने लोगों को घरों में कैद होने को मजबूर कर दिया। बाजार में भी भीषण ठंड का असर साफ दिखा। लोग बेहद जरुरी काम से ही बाहर निकले। कोहरे के कारण सड़क पर दूर का दिखाई नहीं दे रहा था। हाईवे पर वाहनों की रफ्तार थम गई।