चंदौसी (संभल)। सांवला पति पसंद न होने पर पेट्रोल डालकर जलाने वाली पति प्रेमश्री को आजीवन कारावास की सजा मिलने से 51 माह तक न्यायालय में सुनवाई चली। न्यायालय में दस गवाह पेश हुए। गवाहों ने प्रेमश्री के खिलाफ गवाही दी। तब जाकर प्रेमश्री को पति की हत्या में आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई।
थाना कुढ़फतेहगढ़ के गांव बिचैटा में 15 अप्रैल 2019 को जलाकर दिया था। पुलिस ने तभी उसे गिरफ्तार कर लिया था और जेल भेज दिया था। इस मामले में पुलिस ने सात अगस्त 2019 को न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। तब से लगातार इस मामले में सुनवाई चल रही है। एडीजीसी की ओर से इस मामले में दस गवाह पेश किए। गवाहों में मृतक सतवीर के पिता, भाई, पड़ोसी (जो जलते हुए सतवीर की चीख सुनकर मौके पर पहुंचे थे), दो विवेचक, पीएम करने वाले चिकित्सक शामिल थे। सभी गवाहों ने न्यायालय में उपस्थित होकर अपनी गवाही दी और सभी की गवाही आरोपी प्रेमश्री के खिलाफ थी। साक्ष्य के रूप में पोस्टमार्टम रिपोर्ट दी गई। इसमें पेट्रोल की पुष्टि हुई। 51 माह की सुनवाई के बाद सोमवार को न्यायालय ने प्रेमश्री को दोषी मानते हुए सजा सुनाई। न्यायालय ने अपना निर्णय 30 पेज की रिपोर्ट में दिया।