एमबीए की परीक्षा में हुआ फर्जीवाड़ा
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चालबाजों ने फर्जी रियल एस्टेट कंपनी बनाकर एनसीआर और आसपास के क्षेत्रों में लोगों को उसके शेयर बेचकर रुपये हड़प लिए। ठगी का एहसास होने पर मुरादाबाद के एक व्यक्ति ने शासन में शिकायत की।
इस पर आर्थिक अपराध अनुसंधान शाखा को जांच सौंपी गई थी। अब शुक्रवार को मेरठ से आईं आर्थिक अपराध अनुसंधान शाखा की उप निरीक्षक ने संभल जिले के नखासा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। इसमें कंपनी के दो डायरेक्टर संभल के खग्गूपुरा और अमरोहा जिले के सैदनगली के व्यक्ति को नामजद किया गया है।
उप निरीक्षक आर्थिक अपराध शाखा नीतू राणा की तहरीर के आधार पर संभल के खग्गू सराय निवासी नासिर पुत्र रजा हुसैन तथा सैदनगली निवासी वाजिद हुसैन पुत्र वाहिद हुसैन को नामजद किया गया है। उप निरीक्षक ने बताया कि मुरादाबाद निवासी अजहर अली ने संभल निवासी नासिर और सैदनगली निवासी वाजिद के खिलाफ फर्जी तरीके से रियल एस्टेट कंपनी संचालित करने की शिकायत की थी।
इस शिकायत पर उत्तर प्रदेश शासन के गृह गोपन विभाग के सचिव अमरसेन अगस्त 2016 में जांच के आदेश दिए थे। जांच के आधार पर पर्क एलाइट रियल एस्टेट कंपनी दोनों डायरेक्टरों के खिलाफ एफआईआर कराई गई है। इन पर जनता को प्रलोभन देकर धोखाधड़ी करने का आरोप है।
बताया गया कि, शासन के आदेश पर रियल एस्टेट कंपनी के खिलाफ जांच चल रही थी। जांच में निवेशकों के साथ धोखाधड़ी कर रुपये हड़पने की पुष्टि होने हुई लेकिन कितने रुपये हड़पे गए। इसका अभी आंकलन नहीं किया गया है। अलबत्ता यह जरूर कहा गया है कि कंपनी के डायरेक्टरों ने जांच के दौरान कोई अभिलेख प्रस्तुत नहीं किए हैं। इसलिए ठगी और धोखाधड़ी के एमाउंट के बारे में अभी स्थिति स्पष्ट नहीं हो पा रही है।