संभल। अधिक से अधिक किसानों को समर्थन मूल्य का लाभ दिलाने के लिए क्रय केंद्रों पर सप्ताह में चार दिन एक किसान से अधिकतम 50 क्विंटल की खरीद ने परेशानी खड़ी कर दी है। क्रय केंद्रों पहुंचने वाले किसानों को इंतजार करना पड़ रहा है। इंतजार के बावजूद उनकी तौल नहीं हो पा रही। किसानों ने प्रशासन से समस्या का निदान कराने की मांग की है।
दरअसल, प्रदेश सरकार की ओर से सरकारी क्रय केंद्रों पर यह व्यवस्था की गई है कि सप्ताह में चार दिन यानी सोमवार से गुरुवार तक एक किसान से अधिकतम 50 क्विंटल की खरीद होगी। जबकि शुक्रवार और शनिवार को 50 क्विंटल से अधिक की खरीद भी हो सकती है। सोमवार को मंडी समिति में अमर उजाला की टीम ने इस व्यवस्था का हाल जाना।
क्रय केंद्रों पर ट्रैक्टर-ट्रालियां खड़ीं थीं। लेकिन तौल की रफ्तार काफी धीमी थी। भीषण गर्मी में बेहाल किसान अपनी तौल कराने के लिए नंबर आने का इंतजार कर रहे थे। इस दौरान ऐसे किसान भी मिले जिनके पास 50 क्विंटल से अधिक गेहूं था।
उनका कहना था कि 50 क्विंटल की तौल तो हम करा देंगे लेकिन बाकी के बचे गेहूं को कहां बेचेंगे। क्योंकि एक बार यदि किसान के पंजीकरण पर तौल हो गई तो दोबारा तौल नहीं हो सकेगी। दोबारा तौल करानी है तो रजिस्ट्रेशन कराना होगा, जिसकी प्रक्रिया आसान नहीं है। किसानों ने कहा कि प्रशासन किसानों की इस समस्या को गंभीरता से देखें और समाधान कराने का प्रयास करें।