बहजोई। पर्वराज दशलक्षण महापर्व के तहत मोहल्ला गोलागंज स्थित श्रीदिगंबर जैन मंदिर में उत्तम संयम धर्म की आराधना के साथ सुगंध दशमी पर्व बड़े ही श्रद्धा, भक्ति एवं उत्साह के साथ मनाया गया।
सेामवार को सुबह श्रीजी के अभिषेक, शांतिधारा एवं महामंडल विधान के धार्मिक आयोजन पूरे हुए। वहीं, श्रीजी के अभिषेक व शांतिधारा के पुण्यार्जक सुनील कुमार जैन, अरिहंत जैन व अक्षत जैन रहे। साथ ही, महामंडल विधान में सौधर्म इंद्र के रूप में सुनील कुमार जैन व रजनी जैन ने विशेष सौभाग्य प्राप्त किया।
दोपहर में सुगंध दशमी पर्व पर भगवान जिनेंद्र देव के समक्ष धूप अर्पित कर धूप खेवन व हवन आयोजित किया गया। श्रद्धालुओं ने भक्तिभाव से भगवान के चरणों में सुगंधित धूप अर्पित की। धार्मिक भावना के साथ किए गए इस आयोजन में अष्टकर्मों के दहन का भाव रखते हुए हवन के माध्यम से धूप समर्पित की गई।
इस बीच, मध्य प्रदेश के मंडावरा से आए विद्वान चंद्रकुमार जैन शास्त्री ने उत्तम संयम धर्म पर प्रकाश डालते हुए कहा कि संयम आत्मकल्याण का आधार है। मन व वचन आदि को संयमित रखते हुए इंद्रियों के विषयों तथा कषायों पर नियंत्रण करना ही सच्चे अर्थों में संयम है। उन्होंने श्रद्धालुओं से जीवन में संयम, अनुशासन, अहिंसा व आत्मचिंतन को अपनाने का आह्वान किया।
श्रीदिगंबर जैन सभा के महामंत्री संभव जैन ने बताया कि शाम को जैन धार्मिक चित्रकला प्रतियोगिता हुई। इसमें विभिन्न आयु वर्गों के प्रतिभागियों ने जैन धर्म एवं संस्कृति से जुड़े विषयों पर अपनी कला का प्रदर्शन किया।
उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता में बच्चों एवं युवाओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए जैन संस्कारों एवं धार्मिक भावनाओं को चित्रों में अभिव्यक्त किया। इस बीच, जैन सभा के संरक्षक राजेंद्र जैन, अध्यक्ष सुनील कुमार जैन, संजय जैन, मितेश जैन, मनोज जैन, राहुल जैन व मोहित जैन आदि रहे।