दरगाह अंजुमन-ए-वारसिया पाक के तत्वावधान में शुक्रवार को सरकार वारिस पाक का एक रोज उर्स मनाया गया। हाफिज इंतजार ने कुरान-ए-पाक की तिलावत से महफिल का आगाज किया। पूरी रात नात ख्वां ने अल्लाह तबारकों व तआला एवं प्यारे महबूब नबी-ए-करीम सलल्लाहो अलैहि वसल्लम एवं औलिया अल्लाह की शान को बयान किया।
अकीदतमंदों को लंगर तकसीम किया गया। इसके बाद वारिस ए पाक आलम पनाह के कुल शरीफ की रस्म अदा की गई। संभल की शाही जामा मस्जिद के इमाम मौलाना आफताब हुसैन वारसी ने मुल्क और शहर की एकता एवं अखंडता के लिए दुआ कराई। माहताब हुसैन वारसी ने उर्स में आए अकीदतमंदों का शुक्रिया किया।
इक्तेदार हुसैन, हाफिज शाह, मनाहिर हुसैन, रियाजुल हसन, फरजंद वारसी, शरीफ अहमद, इजहारुल वारसी, मिस्बाह, शाहिद हुसैन, सखावत वारसी आदि रहे। नगर के अलीसराय मंडी किशनदास सराय स्थित अंजुमने वारसिया चिश्तिया कादरिया में उर्स सरकार वारिस पाक शानोशौकत के साथ मनाया गया।
हजरत मौलाना जिहानात हुसैन इसराईली वारसी ने जिक्र-ए-रसूल और हारुन एंड पार्टी ने फजाईल ए मौला पढ़कर वाहवाही लूटी। मौलान तनवीर संभली ने शहीदाने कर्बला पढ़कर श्रोताओं को गमगीन किया। मुरादाबाद से आए असद अशरफी ने नात और मनकबत पेश की। मौलाना निसार अहमद हरिनूरपुरी ने महफिल को खिताब फरमाया।
उन्होंने कहा कि यदि इस्लाम पर अमल करेंगे तो कभी गुमराह नहीं होंगे। कुलशरीफ की रस्म के साथ उर्स मुबारक संपन्न हुआ। शहर इमाम मौलाना आफताब हुसैन वारसी, जीशान अली, मुनाजिर हुसैन वारसी, हाजी रागिब, शफीक वारसी, रमीज वारसी, सैफ वारसी, सईद अख्तर इस्राइली आदि ने भाग लिया। संचालन सलमान संभली ने किया।