तेज रफ्तार वाहनों के चालकों को सचेत करने के उद्देश्य से साइन बोर्ड लगाने की शुरुआत हुई थी। अफसोस हादसे के दर्द और भविष्य की चिंता छोड़ सामाजिक संगठन अपने प्रचार प्रसार में जुट गए हैं। समाज सेवा का ढिंढोरा पीटने वाले अपने चेहरे और नाम के प्रचार प्रसार के लिए गंभीर नजर आ रहे हैं।
सेक्रेड हार्ट कान्वेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल की दो छात्राओं की ट्रक से कुचलकर मौत हो गई थी। हादसे के बाद नगर में शोक की लहर दौड़ गई थी। पुलिस प्रशासन ने वाहनों की रफ्तार नियंत्रण और आगे स्कूल होने संबंधी नोटिस बोर्ड लगाने के लिए सामाजिक संगठनों से आह्वान किया था।
सुरक्षा के मुद्दे पर सामाजिक संगठन सक्रिय तो हुए। लेकिन जिस तरह से हुए वह शर्मनाक नजर आया। सामाजिक संगठनों से जिस उद्देश्य को पूरा करने के लिए आह्वान किया गया था। वह पूरा नहीं हो सका। मंगलवार को जब जायंट्स ग्रुप ऑफ महिला नव शक्ति ने स्पीड कंट्रोल करने वाले साइन बोर्ड का अनावरण किया तो देखकर हैरत हुई।
दूर से नजर आने वाली चेतावनी/जानकारी बेहद छोटे अक्षरों में लिखी हुई थी। पूरे साइन बोर्ड पर प्रचार प्रसार के लिए संगठन का नाम ही नजर आ रहा था। संगठन के नाम के अलावा पदाधिकारियों के नामों से भरा पूरा साइन बोर्ड अच्छी पहल के स्थान पर सभ्य समाज को मुंह चिढ़ाता नजर आया।
बुद्धिजीवी वर्ग ने बोर्ड को देखने के बाद तीखी प्रतिक्रिया जाहिर की। उन्होंने कहा कुछ सामाजिक संगठनों का उद्देश्य सामाजिक कार्य करने की जगह अपने प्रचार प्रसार तक सिमट गया है। यह बेहद चिंताजनक है। मुरादाबाद रिलायंस पेट्रोल पंप के नजदीक जायंट्स ग्रुप आफ महिला नव शक्ति ने तेज रफ्तार वाहनों को सचेत करने के लिए साइन बोर्ड लगाया है।
बोर्ड पर सावधान आगे स्कूल है की चेतावनी लिखी हुई है। पदाधिकारियों ने दुर्घटना से आहत होकर जनहित में यह पहल की है। डा. सुधा चौधरी, पद्मा भार्गव, डा. चित्रा अग्रवाल, सरोज उपाध्याय, कृष्णौतार गुप्ता, मीनाक्षी शर्मा, शशि अग्रवाल, कल्पना चौधरी मौजूद रहे।