असमोली निवासी सीआरपीएफ के सेवानिवृत्त कर्मी विक्रम सिंह ने असमोली थाने के तत्कालीन प्रभारी और अन्य आठ पुलिसकर्मियों के खिलाफ न्यायालय में वाद दायर किया है। न्यायालय ने सभी को समन जारी कर तलब किया है।
असमोली निवासी विक्रम सिंह का आरोप है कि 22 मई 2021 की दोपहर वह अपनी दुकान में फोटो स्टेट कर रहे थे। इसी दौरान थाना प्रभारी रणवीर सिंह (वर्तमान तैनाती अमरोहा जिले में) फोर्स के साथ आए और कोरोना गाइडलाइन का उल्लंघन करने की बात कहते हुए चालान करने के लिए कहा। जब ऑनलाइन चालान करने की बात कही तो वह भड़क गए। आरोप है कि पुलिसकर्मी मारपीट करने लगे और थाने ले जाने के लिए गाड़ी में बैठाने लगे।
विक्रम सिंह ने बताया कि इसी दौरान पुलिस विभाग में तैनात उनका भाई अर्जुन आ गया। उसने बचाने का प्रयास किया तो उसके साथ भी मारपीट की और परिवार के अन्य लोगों को धमकाया गया। परिवादी का आरोप है कि जब उनकी पत्नी ने बचाने का प्रयास किया तो उनका मोबाइल तोड़ दिया और अशोभनीय व्यवहार किया। इसके बाद पुलिसकर्मी मारपीट करते हुए थाने ले गए, जहां मुकदमा दर्ज कर दिया गया। परिवादी की इस शिकायत का संज्ञान लेते हुए चंदौसी एसीजेएम ने तत्कालीन एसओ रणवीर सिंह और पुलिसकर्मी रिंकू, गौरव कुमार, मलय गुरु, मनोज कुमार, सौरभ कुमार, संजय कुमार, रोबिन कुमार और सुभाष राणा को अंतर्गत धारा 427,323,504,506,342 के अपराध में तलब किया है। न्यायालय में पेश होने की तिथि 10 अगस्त तय की गई है।