बहजोई (संभल)। जिले की 18 ग्राम पंचायतों की ओर से गोशालाओं में संरक्षित गोवंश के भरण-पोषण को लेकर डिमांड नहीं भेजी गई है। इससे सीडीओ ने नाराजगी जाहिर करते हुए जिम्मेदारों का वेतन रोकने की चेतावनी दी।
मंगलवार को सीडीओ कमलेश सचान अपने दफ्तर में सीवीओ डॉ. दिनेश चंद्र के साथ गौशालाओं में संरक्षित गोवंश के भरण-पोषण के लिए ग्राम पंचायतों से भेजी जाने वाली धनराशि की डिमांड को लेकर समीक्षा बैठक कर रही थीं। जिसमें जिले की 18 ग्राम पंचायतों की ओर से अभी तक धनराशि की डिमांड नहीं भेजी गई थी। सीडीओ ने नाराजगी जाहिर करते हुए संबंधित बीडीओ आदि को वेतन रोकने की चेतावनी दी। सीडीओ का कहना था कि ग्राम पंचायतों की ओर संबंधित गौशालाओं में संरक्षित गोवंश के भरण-पोषण के लिए माह की दो तारीख तक धनराशि की डिमांड जिला स्तर पर भेजी जानी होती है। इसके बाद चार तारीख तक यह डिमांड जिले से शासन स्तर को भेजी जाती है। अब माह की सात तारीख हो गई। अभी तक जिले की 18 ग्राम पंचायतों की सक्षम अधिकारियों की ओर से भरण-पोषण की धनराशि की डिमांड जिला स्तर पर नहीं भेजी गई है। इनमें विकासखंड बहजोई की 10, गुन्नौर की तीन, रजपुरा की दो व जुनावई की तीन ग्राम पंचायतों में संचालित गोशालाओं में संरक्षित गोवंश के भरण-पोषण की धनराशि की डिमांड शामिल है।