बल्ला की पुलिया पर बवाल ने पुलिस के मनोबल को तोड़ दिया है, उसमें कुछ अफसरों की कार्यशैली भी सवालों के घेरे में है। नतीजतन बवाल में 25 लोगों को नामजद करने और तकरीबन 500 अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने के बाद भी पुलिस ने कोई गिरफ्तारी नहीं की है।
पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठे है, हालांकि पुलिस की कार्यवाई के भय से तमाम पत्थरबाज घर छोड़कर भाग गए हैं। इधर, अफसरों का कहना है कि, आरोपियों की तलाश में दबिश दी है। कार्रवाई की जा रही है।
नायब तहसीलदार नितिन तनेजा ने एसडीएम के अर्दली जैत सिंह को पीटे जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई है जिसमें पथराव और फायरिंग समेत पूरे घटनाक्रम का जिक्र है। दर्ज रिपोर्ट में कहा गया है कि अर्दली जैत सिंह को सरियों और डंडों से पीटा गया है। रिपोर्ट में 25 लोगों को नामजद किया गया है। जबकि 500 लोगों को अज्ञात दिखाकर आरोपी बनाया गया है।
अब पुलिस की कार्रवाई के डर से बुधवार को जो लोग पुलिस पर पत्थर उछाल रहे थे। पुलिस की गाड़ी का शीशा तोड़ रहे थे और भीड़ में घिरे एसडीएम के अर्दली को पीट कर रहे थे वे अब कार्रवाई के भय से डर रहे हैं। घटना की रिपोर्ट दर्ज होने के बाद घरों से भाग गए हैं। वहीं, बवालियों पर कार्रवाई की बजाय एक तरफा समझौते के प्रयास से भी महकमे में निराशा है।
मिश्रित आबादी में खास चौकसी एहतियातन पुलिस-पीएसी तैनात
संभल(ब्यूरो)। दीपासराय, खग्गूसराय और बल्ले की पुलिया पर बवाल के दूसरे दिन शांति बनी रही, हालांकि मिश्रित आबादी में फोर्स खास चौकसी करती रही। पुलिस-प्रशासन अलर्ट रहा और एहतियातन अमरोहा, बिजनौर, मुरादाबाद से आई फोर्स तैनात रही। वहीं एक कंपनी पीएसी भी मौके पर तैनात है। अधिकारी भी पल पल की खबर ले रहे हैं।
संभल में बुधवार को गोकशी के आरोपी को पकड़ने के लिए दी गई दबिश के बाद पुलिस पर पथराव किया गया था। पुलिस की ओर से इस मामले में 25 को नामजद करते हुए 500 अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। इधर, कुछ नामजद घर छोड़कर भाग गए हैं तो कुछ राजनीतिक आकाओं से बचाव के लिए सिफारिशें कर रहे हैं।
आरोपी भाग गए हैंः सीओ
संभल। संभल के सीओ बीपी सिंह बालियान का कहना है कि जो लोग नामजद हैं या जो लोग बवाल में शामिल हैं। उनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। आरोपियों की तलाश में दबिश दी गई है। कुछ आरोपी भी पुलिस से डर के घरों से भाग गए हैं और कुछ अपनी रिश्तेदारी में शरण लिए हैं। ऐसे में पुलिस की टीमें सक्रिय हैं। तीन टीमें बनी हुईं हैं। गिरफ्तारियों का प्रयास किया जा रहा है।