सरायतरीन। पवांसा ब्लॉक क्षेत्र में एमए की फर्जी मार्कशीट के आधार पर आंगनबाड़ी वर्कर की नौकरी पाने वाली महिला के खिलाफ डीपीओ ने कैला देवी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। डीपीओ महेश कुमार ने कैला देवी थाना पुलिस को तहरीर देकर कहा कि जिले में आंगनबाड़ी वर्करों की भर्ती वर्ष 2024 में शासन स्तर से निकली थी। इसमें पवांसा ब्लाक क्षेत्र के गांव शकरपुर तारनपुर निवासी पुष्पा ने भी आवेदन दस्तावेज के साथ किया था। गांव के ही धीरेंद्र कुमार ने 27 जनवरी और लक्ष्मी यादव ने 27 मार्च को नियुक्तिपत्र वितरण होने से पहले डीएम को शिकायतीपत्र देकर जांच कर कार्रवाई की मांग की।
डीएम के आदेश पर जांच टीम में शामिल पवांसा सीडीपीओ नीता सैनी ने जांच की। एमए की ग्रेजुएट मार्कशीट की जांच के लिए राजस्थान के जिला अलवर में विश्वविद्यालय सनराइज को पत्र भेजकर जांच रिपोर्ट मांगी गई। जांच में दस्तावेज फर्जी पाए गए। सीडीपीओ ने जांच रिपोर्ट डीपीओ कार्यालय भेजी। डीपीओ ने जांच रिपोर्ट डीएम को भेजी।
डीएम के आदेश पर डीपीओ ने कैला देवी थाना प्रभारी को तहरीर देकर गांव शकरपुर तारनपुर निवासी पुष्पा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। थाना प्रभारी सत्यप्रकाश सिंह ने बताया कि फर्जी दस्तावेज के आधार पर आंगनबाड़ी वर्कर की भर्ती मामले में एक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। बताते चलें कि कार्रवाई से बचने के लिए आंगनबाड़ी वर्कर ने डेढ़ महीने पहले पद से इस्तीफा दे दिया है।