संभल। गांव मोहम्मदपुर टांडा निवासी फारूख मलिक को पुलिस ने नौकरी के नाम पर ठगी करने और फर्जी दस्तावेज बनवाने के मामले में गिरफ्तार किया है। आरोपी असम पुलिस और रेलवे में नौकरी लगवाने के नाम पर ठगी कर रहा था। इसमें दो अन्य आरोपी भी शामिल हैं। एसपी ने इस मामले का खुलासा किया है।
एसपी कृष्ण कुमार विश्नोई ने बताया कि मुरादाबाद की कोतवाली बिलारी अंतर्गत गांव विजयपुर निवासी भारत सिंह ने 7 मई को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जिसमें उसने बताया था कि फारूख और उसके साथी गुड्डू ने रेलवे में नौकरी लगवाने के नाम पर 5.65 लाख रुपये ठग लिए और फर्जी नियुक्ति पत्र दे दिया था। इसके बाद से ही पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू कर दी थी। इसी क्रम में संभल-हयातनगर मार्ग से आरोपी फारूक की गिरफ्तारी की गई। आरोपी ने बताया कि वह अपने साथी गुड्डू और मेरठ के थाना भावनपुर अंतर्गत गांव गढ़ी निवासी मनोज तोमर के साथ धोखाधड़ी की घटनाओं को अंजाम दे रहा था। एसपी ने बताया कि आरोपी ने पूछताछ में बताया है कि वह असम पुलिस और रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी कर रहे थे। इसके लिए फर्जी निवासी प्रमाण पत्र, फर्जी जाति प्रमाण पत्र, आधार कार्ड में फर्जी स्थाई पता और फर्जी नियुक्ति पत्र बनाते थे। एसपी ने बताया कि अन्य आरोपियों की भी टीम तलाश कर रही है। जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।