संभल। जिला अस्पताल की लिफ्ट शो पीस बनी हुई है। जिसका प्रयोग केवल वीआईपी या फिर विभाग के बड़े अधिकारियाें के लिए होता है। दिव्यांग और बुजुर्गों के लिए संचालित की जाने वाली लिफ्ट के बंद होने पर जिला प्रशासन के अधिकारी भी कुछ बोलने को तैयार नहीं है।
बुधवार को एक दिव्यांग को लिफ्ट बंद होने के चलते रक्त की जांच के लिए तीन मंजिल तक सीढ़ियों से चढ़ना पड़ा था। दूसरे दिन भी लिफ्ट बंद रही। बुजुर्ग और गर्भवती महिलाओं को भी सीढ़ियों का सहारा लेना पड़ा।
अस्पताल सूत्रों की मानें तो आम तौर पर बंद रहने वाली लिफ्ट वीआईपी और विभाग के अधिकारियों के निरीक्षण के दौरान चलाई जाती है। जबकि इसका प्रयोग दिव्यांग, बुजुर्ग और गर्भवती महिलाआें के लिए होना चाहिए।
लिफ्ट बंद होने से दवाई लेने से लेकर एंटी रेबिज इंजेक्शन लगवाने के लिए अस्पताल की दूसरी मंजिल पर सीढ़ियों से जाना पड़ता है। दूसरी मंजिल पर ही प्रसव कक्ष है। लेकिन फिर भी लिफ्ट चालू नहीं की जाती है। शासन की ओर से आम जनमानस के लिए व्यवस्थाएं बनाई जा रही हैं, लेकिन अधिकारी व्यवस्थाओं पर कालिख पोतने का काम कर रहे हैं।