लेकिन बैंक का कर्ज नहीं चुकाया। बैंकर्स के बार-बार मांगने पर भी कर्ज की धनराशि को अदा नहीं किया। ऐसे कर्जधारकों पर बैंक ने कार्रवाई का शिकंजा कसने का निर्णय लिया है। प्रथमा बैंक की पवांसा शाखा ने ऐसे सौ बकायेदारों के खाते फ्रीज कर दिए हैं।
पहले चरण में ऐसे लोगों के बचत खातों में लेनदेन रोका गया है। खाते तब तक फ्रीज रहेंगे जब तक कि बकायेदार अपने बचत खातों से बैंक के लोन खाते में बकाया अदा नहीं करेंगे। प्रथमा बैंक की पवांसा शाखा में बैंक के बकायेदारों के 100 बचत खाते ब्लाक हुए हैं। संभल जिले की प्रथमा बैंकों में 33 करोड़ रुपये के 5800 बैंक खाते एनपीए हुए हैं। एनपीए खातों से जुड़े बचत खातों में अगर धनराशि है तो उसमें लेनदेन रोका गया है।
यह पाबंदी बैंक के सॉफ्टवेयर से आटोमैटिक लगी है। जब खाताधारक बैंक में अपने बचत खाते से धनराशि का विड्राल करने आते हैं तो उन्हें होल्ड की जानकारी मिलती है। प्रथमा बैंक के आरएम वीके कुकरेती ने बताया कि बैंक का पूरा स्टाफ नोटबंदी के बाद पैदा हुए हालात में उलझा है। बकायेदारों से वसूली नहीं हो पा रही है। ऐसे में कर्ज अदा न करके बचत खातों में धनराशि जमा करने वालों के बचत खाते होल्ड किए गए हैं।
व्यापारियों के लिए बैंक में अलग हो काउंटर
चंदौसी(ब्यूरो)। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के तत्वावधान में फड़याई बाजार में बैठक हुई। नोटबंदी की समस्या से निपटने के लिए व्यापारियों ने बैंक में अलग से काउंटर लगाए जाने की मांग उठाई।
नगर अध्यक्ष नरेश अग्रवाल ने कहा कि नौ नवंबर से नोटबंदी के बाद से व्यापारी वर्ग खासा परेशान है। भीड़ के कारण व्यापारी बैंक में रकम जमा करने व निकालने को लेकर मशक्कत कर रहा है। लंबे समय से मांग के बाद भी बैंक अधिकारी व्यापारियों के लिए बैंक में अलग से काउंटर स्थापित नहीं कर रहे हैं। जिससे व्यापारी वर्ग में आक्रोश गहरा रहा है। बैंक में अलग काउंटर लगाए जाने की मांग की।
बैठक में आकाश अग्रवाल, राजीव हाजी, सुमंत गुप्ता, अमित भारद्वाज, हितेश सिंह, मोनू, मनोज गुप्ता, इरफान खान, रिषी साहनी, सर्वेश चीनी, अमित गुप्ता, उमेश अग्रवाल, गौरव सक्सेना, मयंक गुप्ता मौजूद रहे।