मेरठ-सहारनपुर खंड शिक्षक और स्नातक एमएलसी चुनाव के लिए शुक्रवार को सुबह आठ बजे से मतदान जारी है। मेरठ, बागपत, सहारनपुर और शामली में मतदान केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई है। दोनों सीटों पर भाजपा, सपा और शिक्षक संगठनों के उम्मीदवारों के बीच मुकाबला है।
बागपत में मतदाता सूची से नाम गायब होने की शिकायतें सामने आई हैं। कई मतदाताओं का कहना है कि उन्होंने पिछली बार मतदान किया था, लेकिन इस बार सूची में नाम नहीं मिलने के कारण उन्हें बिना वोट डाले लौटना पड़ा। शामली में ऑब्जर्वर ने वीवी इंटर कॉलेज स्थित मतदान केंद्रों का निरीक्षण किया और कर्मचारियों को जिम्मेदारी से ड्यूटी करने के निर्देश दिए।
मेरठ-सहारनपुर खंड शिक्षक और स्नातक विधान परिषद सदस्य (एमएलसी) चुनाव के लिए शुक्रवार सुबह आठ बजे से मतदान जारी है। मतदान केंद्रों पर सुरक्षा के इंतजाम किए गए हैं। सुबह के शुरुआती घंटों में अलग-अलग क्षेत्रों से आए आंकड़ों में शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में मतदान प्रतिशत कई जगह स्नातक सीट से अधिक दर्ज किया गया।
एमएलसी चुनाव: मुजफ्फरनगर में भाजपा-सपा नेताओं में धक्का-मुक्की, लगाए धांधली के आरोप, डीएम पहुंचे
एमएलसी चुनाव के मतदान के दौरान मुजफ्फरनगर में भाजपा और समाजवादी पार्टी के नेताओं के बीच विवाद हो गया। डीएवी कॉलेज के बाहर दोनों दलों के नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच धक्का-मुक्की हुई। घटना के बाद भाजपा और सपा पक्ष ने एक-दूसरे पर चुनाव में धांधली कराने के आरोप लगाए। विवाद की जानकारी मिलने पर जिलाधिकारी उमेश मिश्रा मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया।
मेरठ: नोएडा के व्यापारी को हवालात में डाला, 5.72 लाख वसूले, तीन पुलिसकर्मी सस्पेंड
बैंक खाते अनफ्रीज कराने के नाम पर फर्नीचर कारोबारी शाहिद चौधरी से वसूली के मामले में मेरठ और मुजफ्फरनगर के तीन पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई हुई है। मेरठ के लिसाड़ी गेट थाने के दरोगा अंकित सागर और हेड कांस्टेबल नीरज कुमार को एसएसपी बीबीजीटीएस मूर्ति ने निलंबित कर दिया है। वहीं, मुजफ्फरनगर के खतौली थाने की पमनावली चौकी प्रभारी दरोगा आरिफ अली को भी कारोबारी की पत्नी का बैंक खाता अनफ्रीज कराने के बदले एक लाख रुपये लेने और शेष रकम के लिए दबाव बनाने के आरोप में निलंबित किया गया है।
नोएडा के गेझा, सेक्टर-93 निवासी शाहिद चौधरी ने आरोप लगाया है कि लिसाड़ी गेट थाने में उन्हें हिरासत में रखकर प्रताड़ित किया गया और आठ लाख रुपये मांगे गए। उन्होंने करीब 4.72 लाख रुपये की वसूली की शिकायत की है। वहीं पमनावली चौकी प्रभारी दरोगा आरिफ अली पर एक लाख रुपये अलग से वसूलने का आरोप लगाया है। शिकायत में थाने के पास साइबर कैफे चलाने वाले शादाब राव की भूमिका भी सामने आई है।
डीआईजी कलानिधि नैथानी के निर्देश पर मामले की जांच की जा रही है। मेरठ में जांच सीओ साइबर क्राइम सौम्या अस्थाना को सौंपी गई है, जबकि लिसाड़ी गेट प्रकरण की शुरुआती जांच में लापरवाही पर सीओ कोतवाली संग्राम सिंह को अंतिम चेतावनी दी गई है।
यूपी: 'वर्दी' में दिखी शहीद एसटीएफ इंस्पेक्टर सुनील कुमार की वीरता, शॉर्ट फिल्म को पहले दिन मिले लाखों व्यूज
उत्तर प्रदेश पुलिस के शहीद इंस्पेक्टर की वीरता पर आधारित शॉर्ट फिल्म ‘वर्दी’ सोशल मीडिया पर दर्शकों का ध्यान खींच रही है। पुलिस स्मृति दिवस पर रिलीज हुई इस भावनात्मक फिल्म को विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अब तक करीब 11 लाख 87 हजार से भी ज्यादा व्यूज मिल चुके हैं।
बता दें कि 20 जनवरी 2025 की रात शामली के चौसाना में गंगोह मार्ग पर कार सवार बदमाशों से हुई मुठभेड़ में सुनील कुमार ने टीम के साथ मोर्चा संभाला। इसी दौरान उन्हें तीन गोलियां लगीं और वह से घायल हो गए। 25 जनवरी को उन्होंने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। एसटीएफ मेरठ की टीम की बदमाशों से हुई इस मुठभेड़ में मुनीम काला गैंग का शूटर और एक लाख रुपये का इनामी अरशद मारा गया।
उसके साथ सोनीपत निवासी मंजीत उर्फ बिल्ला उर्फ जुबैर तथा करनाल निवासी सतीश और मनवीर भी मारे गए। चारों बदमाशों पर एक-एक लाख रुपये का इनाम था। इंचौली थाना क्षेत्र के मसूरी गांव निवासी सुनील सिंह उत्तर प्रदेश पुलिस की एसटीएफ शाखा में निरीक्षक के पद पर तैनात थे।
15 अगस्त 2026 को सरकार ने शहीद एसटीएफ इंस्पेक्टर सुनील कुमार को मरणोपरांत वीरता पुरस्कार और केंद्र सरकार ने कीर्ति चक्र देने की घोषणा की थी।
कारों की रेस में किसानों की ट्रैक्टर खरीद: 35 दिन में 228 ट्रैक्टर रजिस्टर्ड हुए, डीजल कारों की संख्या 263
किसानों के पास खेती का रकबा भले ही कम हो रहा है, लेकिन जिले में ट्रैक्टरों की खरीद चर्चा में है। कारण है कि ट्रैक्टरों की खरीद डीजल चालित कारों की बिक्री के आंकड़े को छूने लगी है। परिवहन विभाग के आंकड़ों के मुताबिक 35 दिन के भीतर मेरठ के किसानों ने जहां 228 ट्रैक्टर खरीदे हैं वहीं शौकीनों ने 263 डीजल चालित कारें खरीदी हैं।
मेरठ की हवा में घुला जहर: 6 दिन में AQI 81 से 281 पर पहुंचा, सांस के मरीजों की बढ़ सकती है परेशानी; ग्रैप लागू
दीपावली से पहले मेरठ की हवा लगातार खराब होती जा रही है। ज्योति पर्व से पहले हवा की गुणवत्ता में गिरावट ने चिंता बढ़ा दी है। 16 अक्तूबर को मेरठ का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 81 था जो बृहस्पतिवार को बढ़कर 281 पर पहुंच गया। छह दिन में एक्यूआई में 200 अंकों की वृद्धि हुई है।
हवा की गुणवत्ता खराब श्रेणी में पहुंचने से सांस, दमा और हृदय रोगियों की परेशानी बढ़ने की आशंका है। वहीं, एनसीआर में प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रैप) का पहला चरण लागू है। प्रदूषण का स्तर और बढ़ने पर अगले चरण की पाबंदियां लागू की जा सकती हैं।