शहर के मिशन कंपाउंड स्थित सेंट मैरी एकेडमी के कक्षा सात के एक छात्र को स्कूल के सामने की दुकान पर ही सिगरेट पिलाने को लेकर मंगलवार दोपहर हंगामा हो गया।
छात्र की मां और अन्य परिजनों ने आरोप लगाया कि पहले भी काफी विरोध किए जाने के बावजूद दुकान में स्कूल से निकलने वाले छात्रों को स्मोकिंग और शराब ड्रिंक तक कराई जाती है।
स्कूल के सामने नशे का यह अड्डा बंद होना चाहिए। काफी हंगामे के बाद पुलिस पहुंची। दुकानदार की ओर से भविष्य में धूम्रपान या मदिरा संबंधी सामान न बेचने के आश्वासन पर उसे छोड़ा गया।
थाना सदर क्षेत्र के रवि नगर का निवासी 12 वर्षीय छात्र सेंट मैरी एकेडमी में कक्षा सात का छात्र है। बताया जाता है कि स्कूल के सामने की दुकान पर ही इस छात्र को एक सिस्टर ने सिगरेट के कश लगाते हुए देख लिया था।
मंगलवार को भी छात्र ने स्कूल में आखिरी पेपर दिया और फिर बाहर आकर सामने स्थित दो दुकानदार भाइयों की दुकान से सिगरेट खरीदकर कश लगाने लगा। छात्र की मां रीतू और अन्य परिजनों ने दुकान पर हंगामा किया।
महिला की दुकानदार राजेंद्र से काफी नोंकझोंक हुई। अभिभावकों ने आरोप लगाया कि स्कूल के सामने दुकान पर राजेंद्र और रविंद्र मोटी कमाई के चक्कर में छोटी उम्र के बच्चों और किशोरों को स्मोकिंग करवा रहे हैं। कई बार यहां ड्रिंक तक की जानकारी मिली है।
वहीं स्कूल के स्टाफ से जमा हुए शिक्षकों और कर्मचारियों ने भी दुकानदार से कहा कि सिगरेट, तंबाकू, गुटखा आदि छात्रों को क्यों दिया जाता है? उन्हें यह लेने से मना क्यों नहीं किया जाता है?
दोनों पक्षों को थाने बुलाकर दी गई चेतावनी ः हंगामे की सूचना मिलने के बाद थाना सदर पुलिस ने सेंट मैरी एकेडमी पहुंचकर अभिभावकों और दुकानदार को थाने पर बुलाया।
इसमें दुकानदार को चेतावनी दी गई कि भविष्य में नशे का कोई सामान छात्रों को न दिया जाए और न ही बेचा जाए। अभिभावकों से भी कहा गया कि वे भी अपने बच्चे पर निगरानी रखें। दुकानदार और छात्र के माफी मांगने पर उन्हें छोड़ दिया गया।
छात्रों को जारी होगा नोटिस, कैमरे से रखी जाएगी नजर
स्कूल के सामने की दुकान पर ही सातवीं के छात्र के सिगरेट पीने को लेकर हुए हंगामे पर सेंट मैरी एकेडमी के प्रिंसिपल फादर तारसिस ने कहा कि यह शर्मनाक घटना है।
स्कूल के सामने नशे के सामान की बिक्री वैसे ही प्रतिबंधित है। पहले भी ऐसी शिकायतें मिलती रही हैं और पुलिस को अवगत कराया गया है लेकिन दुकान में गुपचुप तरीके से बच्चों को स्मोकिंग या अन्य प्रतिबंधित सामान दे दिया जाता है।
उन्होंने बताया कि स्कूल में छात्रों को नोटिस जारी कर स्मोकिंग या ड्रिंक से दूर रहने को चेताया जाएगा। इस घटना के बाद भी यदि कोई छात्र ऐसा करता पाया जाता है तो कार्रवाई की जा सकती है। स्कूल के सामने छात्रों पर नजर रखने के लिए सीसी कैमरा भी उस ओर लगाया जाएगा।