UP-Uttarakhand border police force.
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सहारनपुर के देवबंद में उत्तराखंड के लंढोरा (रुड़की) क्षेत्र में बृहस्पतिवार को होने वाली महापंचायत के मद्देनजर देवबंद में भी पुलिस प्रशासन दिनभर चौकन्ना रहा। सुबह से ही यूपी-उत्तराखंड की सीमाओं को सील कर पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई।
पुलिसकर्मियों को सख्त निर्देश मिले थे कि कोई भी व्यक्ति महापंचायत में न जाने पाए। वहीं, देवबंद क्षेत्र में भी दिन भर किसी न किसी गांव में महापंचायत होने की अफवाह हवा में फैलती रही।
भाजपा नेता एवं पूर्व विधायक कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन के लंढोरा स्थित रंगमहल में हुई आगजनी और तोड़फोड़ के बाद से हिंदू समाज में भारी आक्रोश है।
बुधवार को देवबंद क्षेत्र के गुर्जर बाहुल्य गांव दुगचाड़ा में जनसंपर्क दौरान चैंपियन ने नौ जून की महापंचायत का ऐलान करते हुए समाज के लोगों से सहयोग मांगा था। जिस पर चैंपियन के समर्थक बुधवार से ही महापंचायत में जाने की तैयारी को अमलीजामा पहनाने में लगे रहे।
मगर, उत्तराखंड प्रशासन ने महापंचायत की अनुमति नहीं दी। बावजूद इसके बृहस्पतिवार को होने वाली महापंचायत में लोगों को जाने से रोकने के लिए यहां के पुलिस प्रशासन ने भी सुबह से ही उत्तराखंड बॉर्डर पर डेरा डाल लिया था।
उत्तराखंड जाने वाली सभी सीमाओं को सील कर भारी पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई। यही नहीं स्थानीय खुफिया एजेंसियों के अधिकारी भी पल-पल की स्थिति का जायजा लेते रहे। दिन में कई बार यह भी अफवाह फैली की देवबंद क्षेत्र के किसी गांव में ही महापंचायत हो रही है।
मगर, अधिकारियों ने इसे सिरे से नकार दिया। कोतवाल विजय प्रकाश सिंह ने बताया कि देवबंद क्षेत्र में कहीं भी महापंचायत होने की सूचना नहीं है। यदि उत्तराखंड के किसी गांव में महापंचायत हुई हो तो उसकी उन्हें जानकारी नहीं है।