सहारनपुर। अपर सत्र न्यायाधीश कक्षा संख्या-15 आसिफ इकबाल ने बड़गांव के ग्राम सिरसली कलां में साढ़े पांच साल पहले हुई अंकित की हत्या के मामले में दोषी पाए जाने पर देवर और भाभी को आजीवन कारावास और 30-30 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।
एसएसपी डॉ विपिन ताडा ने बताया कि 23 जनवरी 2017 को बड़गांव थाना क्षेत्र के ग्राम सिरसली कलां निवासी ऋषिपाल के पुत्र अंकित की गला दबाकर हत्या कर दी थी। हत्या करने के बाद शव को आम के बाग पर पेड़ पर लटका दिया था। ऋषिपाल ने थाना बड़गांव में रिपोर्ट दर्ज कराते हुए गांव की ही सत्यवती उर्फ सत्तो और उसके देवर अशोक को आरोपी बनाया था। एसएसपी ने बताया कि इन्हें शक था कि उनकी बेटी का प्रेम प्रसंग अंकित के साथ चल रहा है। इसी के चलते उक्त दोनों ने उसकी हत्या की थी। पुलिस ने विवेचना उपरांत दोनों के खिलाफ आरोप पत्र कोर्ट में दाखिल किया था। एसएसपी ने बताया कि मामले की सुनवाई के उपरांत साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर न्यायालय ने दोषी पाते हुए सिरसली कलां निवासी सत्यवती उर्फ सत्तो और अशोक को हत्या की धारा में आजीवन कारावास और 30-30 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। दोनों जेल में बंद है।