सहारनपुर में देहरादून हाइवे कहने को राष्ट्रीय राजमार्ग है, मगर इसकी हालत किसी गांव की सड़क जैसी है, जिसमें जगह-जगह दरारें पड़ी हैं। इतना ही नहीं, राकेश केमिकल के पास हाइवे के आधे हिस्से पर बनी पुलिस चौकी भी यातायात में बाधा डाल रही है।
चौकी को भारी वाहनों के चक्कर से बचाने के लिए पुलिस ने चौकी के दोनों ओर सीमेंट और बजरी से बने पत्थर रखे हुए हैं, जो किसी दिन बड़े हादसे की वजह बन सकते हैं।
कुछ ही महीने पहले सहारनपुर विकास प्राधिकरण ने देहरादून हाईवे पर डिवाइडर बनाया था। डिवाइडर के बीच में बिजली के पोल लगाने के लिए गड्ढे खोदे गए हैं, जिनकी मिट्टी सड़क पर बिखरी हुई है।
हाईवे का रिमाउंट डिपो की साइड का हिस्सा जगह-जगह से टूटा हुआ है, जिसमें हलकी दरार आई हुई हैं। नौगजा पीर से पहले हाईवे के बीच में आ रही एक पुलिया कई महीने से टूटी हुई है, जिसे मिट्टी डालकर दुरुस्त करने का असफल प्रयास किया गया है।
मिट्टी की वजह से सड़क में दोनों ओर गड्ढे बने हुए हैं, जिनकी वजह से वाहनों को निकलते वक्त झटका लगता है। कई जगहों पर हाईवे की साइड में बजरी और रेत डाला गया है, जिस पर फिसलने से कई बाइक चालक गिरकर चोटिल हो चुके हैं।
सहारनपुर से नौगजा पीर तक हाईवे की सबसे बड़ी बाधा राकेश केमिकल के पास बनी पुलिस चौकी है, जो हाईवे की करीब आधी चौड़ाई पर बनी है। इसकी वजह से हाईवे की एक साइड खत्म कर दी गई है। पुलिस ने चौकी के दोनों छोर पर सीमेंट से बने विशाल पत्थर रखे हैं।
इसकी वजह से सड़क की एक साइड बाधित हो गई है, जिसकी वजह से भारी वाहनों को यहां से निकलने में परेशानी रहती है। यह पत्थर किसी दिन बड़े हादसे की वजह भी बन सकते हैं।
इसके अलावा हाईवे पर बने डॉ. अंबेडकर चौक से लिंक रोड की ओर जाने वाले मार्ग के मोड़ पर गहरे गड्ढे बने हुए हैं। यही हालत राकेश केमिकल पर बनी पुलिस चौकी के सामने की भी है। यहां से माहीपुरा की ओर मुड़ रहे मार्ग पर तिराहे के पास ही गड्ढे बने हुए हैं, जिनकी वजह से राहगीरों को परेशानी हो रही है।