सहारनपुर। पुराने जमाने की एक कहावत है आज की बचत कल की कमाई। सहारनपुरवासी कहावत पर चलते हुए बचत तो कर रहे हैं। इसके साथ ही ऋण लेने में भी पीछे नहीं है। जून 2024 से लेकर जून 2025 तक में बैंकों में जमा बचत रकम के सापेक्ष लिए गए ऋण और पिछले तीन वर्षों का सीडी रेशियो (क्रेडिट-डिपोजिट) इस बात की तस्दीक कर रहे हैं।
पिछले कुछ वर्षों में आमजन बचत करने के साथ बैंकों से ऋण लेने की आदत बन रही है। पिछले वित्त वर्ष में बैंकों में कुल 24370 करोड़ रुपये जमा हुए हैं। इसी अनुपात में बैंकों ने 17265.85 करोड़ रुपये का ऋण दिया है। यह अनुपात हर वर्ष बढ़ रहा है। पिछले तीन वर्षों में जिले के सीडी रेशियो में वृद्धि हुई है। बैंकों में डिजिटल क्रांति आने से इसका फायदा ग्राहकों को अधिक मिला है। कागजी कार्रवाई कम होने से ग्राहकों को ऋण आसानी से मिल जाता है। ऋण लेकर लोग अपनी जरूरतों को पूरा कर रहे हैं। बैंकों ने ऋण की उपलब्धता को बढ़ाने के लिए कुछ शर्तों में नरमी बरती है।
- पिछले तीन वर्षों का सीडी रेशियो
वित्त वर्ष 2021-22 में जिले में सीडी रेशियो 65.84 फीसदी था। वित्त वर्ष 2022-23 में 62.48 फीसदी रहा। 2023-24 में यह रेशियो बढ़कर 67.79 प्रतिशत तक पहुंच गया। वर्ष 2024-25 में यह रेशियो 70.85 फीसदी रहा।
- घर और पर्सनल लोन लेने वालों की संख्या अधिक
बैंकों से लोन वाले ग्राहक घर बनाने के लिए सबसे अधिक लोन ले रहे हैं। घर बनाने के लिए अभी तक 7388 से लोगों ने करीब 1507 करोड़ रुपये का ऋण लिया है। इसी तरह पर्सनल लोन लेने वालों की संख्या 40,220 है। इन्होंने करीब 3316 करोड़ रुपये का ऋण लिया है।
- जून 2024 से जून 2025 तक बैंकों में जमा राशि और दिया ऋण (करोड़ रुपये में)
- जून 2024
जमा-22424.22
ऋण- 15633.23
सितंबर 2024
जमा- 23038.61
ऋण-16258.19
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दिसंबर-2024
जमा- 23459.50
ऋण-16724.92
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मार्च-2025
जमा-24370.85
ऋण- 17265.85
जून 2025
जमा-23388.78
ऋण-17208.27
वर्जन
जून 2024 के मुकाबले जून 2025 की तिमाही में बैंकों में जमा हुई राशि बढ़ी है। इसी के अनुपात में बैंकों ने ऋण दिया है। इस वित्त वर्ष की पहली तिमाही में जिले के बैंकों का सीडी रेशियो 70.56 फीसदी रहा है। - कृशानु दास, लीड बैंक मैनेजर