सहारनपुर। दिल्ली में धार्मिक जलसे से लौटे लोगों में कोरोना के संक्रमण की सूचना के बाद सहारनपुर जनपद में भी हड़कंप मचा रहा। देवबंद में स्क्रीनिंग से पहले ही दो लोग भाग निकले। कोरोना सर्विलांस टीमों ने देवबंद से लेकर जिले के बड़गांव, नानौता, रामपुर मनिहारन के अलावा शहर की कई मस्जिदों में छानबीन की गई। चिलकाना के दो गांवों में 14 जमातियों के रहने की मौजूदगी की खबर ने सबके होश उड़ा दिए।
देवबंद के राज्जूपुर गांव में जमात से जुड़े 14 लोग मिले हैं। इसमें 12 जमाती इंडोनेशिया व दो त्रिपुरा (आसाम) के रहने वाले हैं। सभी जमाती 21 मार्च को यहां पहुंचे थे और अचानक हुए लॉकडाउन के चलते राज्जुपुर में ही फंस गए थे। दोपहर के समय सभी जमातियों को प्रशासन ने मेडिकल कालेज में बनाए गए आइसोलेशन वार्ड में क्वारंटाइन कराया। इसके साथ ही प्रशासन ने साखन गांव में उत्तराखंड, आसाम और महाराष्ट्र आदि से लौटे 13 ग्रामीणों को इसी अस्पताल में क्वारंटीन किया है। देवबंद के शहरी क्षेत्र में भी चार लोगों की स्क्रीनिंग की गई। जबकि दो भाग गए। इनमें 150 से अधिक लोगों की थर्मल स्क्रीनिंग भी की गई है। सीएमओ डाक्टर बीएस सोढ़ी का कहना है कि सूचनाओं की आधार पर लोगों की स्क्रीनिंग की जा रही है। सर्विलांस टीमों ने एक सप्ताह पहले ही शहर की मस्जिदों में मिले कजाकिस्तान और सूडान सहित अन्य क्षेत्रों के 62 लोगों की स्क्रीनिंग की थी। हालांकि टीमों ने दावा किया था कि ये संक्रमित नहीं पाए गए।
यूपी के पांच लोगों को क्वारंटीन किया
नानौता के मोहल्ला कानून गोयान स्थित मरकज वाली मस्जिद में करीब 40 दिन से रह रहे सीतापुर व लखीमपुर खरीर निवासी तबलीगी जमात के पांच लोगों को पुलिस और प्रशासन की ओर से स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया। जमात के लोगों की जमात तीस मार्च को पूरी हुई थी। जमात के लोगों को इस्लामिया इंटर कॉलेज में बने क्वारंटीन सेंटर में रखा गया है।
दस मजदूरों को पकड़ा, वार्ड में भेजा
अंबहेटा में पंजाब से पैदल गाजियाबाद जा रहे दस मजदूरों को एसडीएम ने अपनी कस्टडी में लेकर कस्बे में बनाए गए आइसोलेट वार्ड में भर्ती कराया गया है। मजदूरों ने बताया कि वह 27 मार्च से पैदल चल रहे हैं। मंगलवार को ग्राम प्रधान की सूचना पर समसपुर जट के गुमथला घाट से पकड़ा गया। डॉ ओमवीर सिंह ने बताया कि सभी की थर्मल स्क्रीनिंग की गई है।
जताई खाने-पीने को लेकर नाराजगी
बिहारीगढ़ में दिल्ली-देहरादून हाईवे पर स्थित दून कॉलेज में 60 लोगों को क्वारंटीन किया गया है। लेकिन वहां रह रहे लोगों ने खाने-पीने की व्यवस्था को लेकर नाराजगी जताई है।
चिलकाना में दो गांवों में मरकज दिल्ली से पहुंची दो जमातों के रुके होने की सूचना से हड़कंप मच गया। पुलिस ने मस्जिद की जांच की। गांव दूधगझ़ तथा दुमझेड़ा में असम से आई दो अलग-अलग तब्लीगी जमातों के मस्जिदों में रुके होने से खलबली मच गई। 10 मार्च को असम से निजामुद्दीन पहुंचे थे। जमात में 12 लोग मौजूद हैं जो गांव की तीन मस्जिदों में चार-चार लोगों के समूह में नमाज पढ़ रहे हैं। जमात के लोगों ने बताया कि 14 लोग बीस फरवरी की सुबह को निजामुद्दीन पहुंचे थे और 23 फरवरी की रात से गांव दूधगढ़ में रुके हुए हैं। स्वास्थ्य विभाग के फील्ड सुपरवाइजर डॉ जयप्रकाश ने बताया कि दो गांवों में रुके जमात की सूचना मिली है। इन गांवों में जाकर जांच कराई जा रही है।
देवबंद की रशीदिया मस्जिद में जांच करने जाते अधिकारी- फोटो : DEVBAND
गंगोह में जमातियों के स्वास्थ्य की जांच करते चिकित्सक- फोटो : SAHARANPUR
गांव दूधगढ में जमातियों से पूछताछ करती चिलकाना पुलिस- फोटो : SAHARANPUR