वहीं जैसे ही पुलिसकर्मियों ने आशीष को पकड़ने की कोशिश तो आशीष ने अपने भाई आदित्य व पिता नेत्रपाल के साथ मिलकर पुलिसकर्मियों से मारपीट कर दी। इसके बाद पुलिस की गाड़ी के शीशे लाठी-डंडों से तोड़ डाले। पुलिसकर्मियों ने किसी तरह भाग कर अपनी जान बचाई और थाना पुलिस को सूचना दी।
इसके बाद भारी संख्या में पुलिस लेकर थानाध्यक्ष प्रमोद रावल गांव पहुंचे। पुलिस ने मौके से आशीष और उसके पिता नेत्रपाल को धर दबोचा, जबकि आशीष का भाई आदित्य मौके से भाग निकला।
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थानाध्यक्ष ने बताया कि उक्त घटना के संबंध में पंकज राणा पुत्र अग्रसेन व डायल 112 पर तैनात हेड कांस्टेबल विपिन कुमार की तहरीर पर तीनों बाप-बेटों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की। आशीष और नेत्रपाल को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया, जबकि आदित्य की तलाश में दबिश दी जा रही है।