कांवड़ यात्रा में परिवहन निगम को डेढ़ करोड़ रुपये का नुकसान झेलना पड़ा। 10 दिन में 1.52 करोड़ रुपये का राजस्व कम हुआ है। कांवड़ यात्रा के दौरान यात्रियों का रोडवेज बसों में सफर कम करना और मार्ग बंद होने से आय पर असर पड़ा है। अब सभी मार्ग खुलने से यात्रियों को राहत मिली है।
सहारनपुर परिवहन निगम रीजन में छह डिपो आते हैं। इनमें सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, खतौली, छुटमलपुर, शामली और गंगोह डिपो शामिल हैं। इन डिपो से 591 रोडवेज बसें संचालित होती है। 14 जुलाई से कांवड़ यात्रा का आगाज हुआ था। इसके चलते रूट डायवर्जन किया गया था। जिससे रोडवेज बसों को लंबा रूट तय करना पड़ा। साथ ही किराए में भी बढ़ोत्तरी हुई थी। 17 से 26 जुलाई तक परिवहन निगम ने अपनी आय का आंकलन किया। दस दिनों में छह करोड़ 60,90,000 रुपये राजस्व का लक्ष्य था। निगम को 5,08,66,000 रुपये की ही आमदनी हुई। परिवहन निगम को 1,52,24,000 रुपये का घाटा झेलना पड़ा। अब निगम इस नुकसान की भरपाई को पूरा करने के लिए बसों को मार्गों पर दौड़ा दिया है।
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कांवड़ यात्रा के दौरान रोडवेज बसों में यात्रियों की संख्या काफी कम रही। जिससे परिवहन निगम को 17 से 26 जुलाई तक 1.52 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। अब सभी बसें अपने-अपने मार्गों पर दौड़ने लगी हैं तो आमदनी में बढ़ोत्तरी होगी।
- अनिल कुमार, क्षेत्रीय प्रबंधक, परिवहन निगम