सहारनपुर के देवबंद में बजरंग दल के बाद रविवार को भाजपा की नगर इकाई ने 32 हिंदू परिवारों के पलायन की सूची जारी की है। जिसमें बिगड़ती कानून व्यवस्था, बढ़ते अपराध, गुंडागर्दी, रंगदारी, छेड़छाड़ और मारपीट के कारण पलायन करने का हवाला दिया गया है।
शिक्षक नगर में भाजपा नेता गजराज राणा, मनीष त्यागी, प्रमोद तेजियान, प्रवीण गोयल, बिजेंद्र गुप्ता, ईशान गोड़ ने प्रेसवार्ता कर सूची जारी की। बताया गया कि बैरून कोटला में रहने वाले सैनी परिवार तो अपना कारोबार छोड़कर मकानों और दुकानों को औने-पौने दामों पर बेचकर अपनी गुजर
बसर कहीं और रह कर कर रहे हैं। कुछ सैनी परिवार तो अंबहेटा रोड पर गैस गोदाम के पीछे कालोनी में जाकर रहने लगे हैं। भाजपा नेताओं ने कहा कि कार्टून विवाद को लेकर हजारों की भीड़ ने एसडीएम कार्यालय की दीवार तोड़कर जमकर उत्पात मचाया था,
लेकिन सत्तारूढ़ दल के एक सांसद के दबाव में आकर कोई कार्रवाई नहीं की गई। मोहल्ला चाहपारस में गोयल परिवार के घर में दिनदहाड़े हुई डकैती में बदमाशों का सुराग नहीं लगने के बावजूद फर्जी रूप से गिरफ्तारी दिखाई गई। फल विक्रेता की मौत पर नगर में हुए बवाल और पुलिस द्वारा छीनी गई एके-47 आज तक बरामद नहीं की गई।
सैनी समाज के हैं 29 परिवार
देवबंद। सूची के अनुसार 29 परिवार तो मारपीट और छेड़छाड़ के कारण बैरून कोटला से गांधी कालोनी में पलायन कर गए। जबकि तीन परिवार रंगदारी, धमकी, कब्जा और मारपीट के चलते इंदौर (मध्य प्रदेश), देहरादून एवं ऋषिकेश चले गए हैं।
जारी सूची में राकेश सैनी, रामकुमार सैनी, केशो सैनी, रणजीत सैनी, किशन सैनी, करेशन सैनी, श्याम सैनी, बाबूराम सैनी, राजेंद्र सैनी, निक्की सैनी, वेदपाल सैनी, दौलतराम सैनी, सोम सैनी, कंवरपाल सैनी, जगदीश सैनी, रतन सैनी, लोतीराम सैनी, ज्ञानचंद सैनी, सूरजमल सैनी, सुरेंद्र सैनी,
दीपचंद सैनी, बुद्धसिंह सैनी, मुकेश सैनी, सुंदर सैनी एवं सोमचंद सैनी बैरून कोटला से गांधी कालोनी, महेश गर्ग शिक्षक नगर से इंदौर (मध्य प्रदेश), संजय तायल कायस्थवाड़ा से देहरादून और शंकर चाटवाला जनकपुरी से ऋषिकेश पलायन कर गए हैं।